पूर्व रेल मंत्री पवन बंसल के भांजे विजय सिंगला, रेलवे बोर्ड के निलंबित सदस्य महेश कुमार सहित 10 आरोपियों के खिलाफ सुनवाई 14 सितंबर तक के लिए टल गई।
सीबीआई का आरोप है कि पूरा मामला रेलवे बोर्ड के सदस्य एवं अभियुक्त महेश को सदस्य (इलेक्ट्रिकल) बनाने के लिए रचा गया। आरोप है कि 12 करोड़ रुपये की रिश्वत लेकर महेश को लाभदायक पद दिलवाने का वायदा किया गया था।
पटियाला हाउस स्थित सीबीआई की विशेष न्यायाधीश स्वर्णा कांता शर्मा के समक्ष अभियोजन पक्ष को सोमवार को गवाह पेश करने थे। सरकारी वकील के अवकाश पर होने के कारण सुनवाई नहीं हो पाई। आखिर अदालत ने अब सुनवाई 14 सितंबर तय की है।
हाल ही में मामले में आरोपी विजय सिंगला, महेश कुमार के अलावा रेलवे को उपकरण सप्लाई करने वाले बंगलोर के व्यवसायी नारायण राव मंजूनाथ व उसके सहयोगी पीवी मुरली व वेणुगोपाल, राहुल यादव, समीर संधीर, संदीप गोयल, अजय गर्ग (निवासी चंडीगढ़) व सुशील ढागा (निवासी फरीदाबाद) ने अपना अपराध स्वीकार करने से इनकार करते हुए कहा था कि वे निर्दोष हैं।