हरियाणा सरकार यहां रहने वाले लोगों के लिए अलग से रेजीडेंट डाटा बेस तैयार करेगी। जिसमें लोगों का जन्म से लेकर मृत्यु तक सभी काम इसी डाटा के आधार पर होगा।
इसमें युवाओं को अधिक फोकस करते हुए रोजगार दिलाने के लिए कौशल प्रशिक्षण दिया जाएगा। इस बात की जानकारी प्रदेश के वित्त एवं उद्योग मंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने दी। वो बृहस्पतिवार को आईटीआई में मॉडल करियर सेंटर और जॉब फेयर का उद्घाटन करने बतौर विशिष्ट अतिथि आए थे।
उन्होंने कहा कि इस डाटा बेस में बच्चे के जन्म के समय रजिस्ट्रेशन जरूरी होगा। बच्चे के जन्म के बाद और कौशल का ट्रैक करने के लिए इसी डेटा बेस का इस्तेमाल किया जाएगा। कहां कितनी शिक्षा प्राप्त करता है? कितनी स्किल और स्किल के आधार पर कौन सा रोजगार मिलता है?
बेहतर रोजगार के लिए कौन सी सॉफ्ट स्किल या अन्य कोर्स की जरूरत है? इसके लिए केंद्र सरकार के साथ मिलकर नेशनल करियर सर्विस के आधार पर योजना तैयार की जा रही है। नौकरी देने वाली वेबसाइटों की तरह पोर्टल होगा। जो इंडस्ट्री के साथ जुड़ा होगा।
कैप्टन अभिमन्यु ने कहा कि नौकरी देने वाले ज्यादा हैं, लेकिन वो सही तरीके से कंपनियों से कनेक्ट नहीं हो पाते हैं। वो कौन सी स्किल जानते हैं और कंपनी को क्या जरूरत है? उसे कनेक्ट करने मेें दिक्कत आती है। मॉडल करियर सेंटर इसमें बेहतर विकल्प साबित होगा।