गुरुग्राम। नजफगढ़ झील के पास पंख टूटने से सोमवार को हिमालयन चील घायल हो गई। खेतों में बैठी चील को कुत्ते नोचने का प्रयास कर रहे थे कि ग्रामीणों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी। सूचना मिलते ही वन्य जीव सरंक्षक अनिल गंडास मौके पर पहुंचे और चील को बचाकर साढराणा स्थित पशु-पक्षी अस्पताल में भर्ती करवाया। चिकित्सकों ने बताया कि उसका पंख टूट गया है। करीब डेढ़ महीने में पंख ठीक होने बाद चील दोबारा उड़ान भर सकेगी।
वन्य जीव संरक्षक अनिल गंडास ने बताया कि सोमवार देर शाम उन्हें सूचना मिली कि एक अलग तरह की दिखने वाली चील नजफगढ़ झील के पास खेतों में बैठी है। चील के उड़ न पाने के कारण कुछ कुत्ते उसे नोचने का प्रयास कर रहे हैं। बारिश होने के कारण चील खेतों से हट गई थी। यह चील खेतों में बने एक कमरे के पास मिली। यह हिमालयन चील है जो वहां ठंड अधिक होने के कारण इन दिनों मैदानी क्षेत्रों में आ जाती हैं। उड़ान के दौरान तारों अथवा खंभे से टकराने से उसके दायें पंख में चोट लगी है। उसका पंख ठीक होने के बाद उसे आसमान में छोड़ा जाएगा।