सेक्टर-5 थाने की पुलिस कर रही मामले की जांच, शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंपा
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। सेक्टर-5 थाना के अंतर्गत महावीरपुरा में 14 दिसंबर को एक नाबालिग ने बीमारी से परेशान हो फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। नागरिक अस्पताल से नाबालिग की मौत की सूचना मिलते ही सेक्टर-5 थाने की पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर परिवार वालों से पूछताछ की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी में रखवाया।
जिस कमरे में नाबालिग ने फंदा लगाया था, वहां पर एफएसएल व फिंगरप्रिंट विशेषज्ञों की टीमों से निरीक्षण कराकर साक्ष्य जुटाए। नाबालिग की पहचान मूल रूप से बिहार के नवादा निवासी शिवानी के रूप में हुई है। वह गुरुग्राम के एक स्कूल में नौवीं कक्षा में पढ़ती थी। परिवार वालों ने पुलिस को बताया कि करीब चार माह पहले शिवानी का अपेंडिक्स का ऑपरेशन हुआ था। इसके बाद वह मानसिक परेशान रहने लगी थी। परिवार वालों ने कई बार उसको समझाया भी था। 14 दिसंबर की सुबह शिवानी के पिता छत पर और मां बाहर आंगन में थी तो उसने कमरे में जाकर चुन्नी से फंदा लगा लिया। जब काफी देर तक शिवानी बाहर नहीं आई तो उसकी मां ने दरवाजा खटखटाया। अंदर से कोई आवाज न आने पर परिवार वालों ने खिड़की तोड़कर अंदर देखा तो शिवानी फंदे पर लटकी हुई है। परिवार वाले उसे फंदे से उतारकर सेक्टर-10 स्थित नागरिक अस्पताल लेकर गए तो डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
जांच अधिकारी संदीप कुमार ने बताया कि नाबालिग द्वारा फंदा लगाने के मामले में परिवार वालों के बयान दर्ज किए गए हैं। कोई संदिग्ध बात सामने नहीं आई है। सोमवार को शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। मामले में आगामी कार्रवाई की जा रही है।