गुरुग्राम। जिले में इस बार जन्माष्टमी का उत्सव ऑनलाइन मनाने की तैयारियां की जा रही हैं। दरअसल, जिला प्रशासन ने अभी तक धार्मिक स्थलों को खोलने की अनुमति नहीं दी है। इस कारण मंदिरों में कृष्णलला के दर्शन करने नहीं जा सकेंगे। कई मंदिरों की प्रबंधक समिति ने श्रद्धालुओं को ऑनलाइन दर्शन कराने की व्यवस्था की है।
इसके अलावा इस बार मंदिरोें में झांकी भी नहीं सजाई जाएगी। जबकि हर बार गुरुग्राम के मंदिरों में वृंदावन से कलाकारों को बुलाया जाता था और वे भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं की आकर्षक झांकियां प्रस्तुत करते थे। इन झांकियों को देखने के लिए शहर के ही नहीं, बल्कि ग्रामीण क्षेत्र के भी लोग पहुंचते थे।
सेक्टर चार स्थित कृष्ण मंदिर के पंडित अतुल शास्त्री ने बताया कि सुरक्षा के मद्देनजर मंदिर को पहले की अपेक्षा कम सजाया जाएगा। हालांकि, गर्भगृह का फूल बंगला सजाया जाएगा। गत वर्षों के दौरान हर बार केले के पत्ते और जड़ से डिजाइन बनवाते थे। दो लाख रुपये के फूलों से सजाया जाता था। वहीं, राम मंदिर के शशि बिंदु पाठक ने बताया कि इस बार मंदिर को पहले की तरह नहीं सजाया जाएगा और श्रद्धालुओं को भी मंदिर आने की इजाजत नहीं है। शिव कॉलोनी स्थित गीता भवन और सेक्टर चार स्थित राम मंदिर को भी नहीं खोला जाएगा।
ऑनलाइन देखी जा सकेंगी झांकियां
पटौदी। जन्माष्टमी पर्व के मौके पर हर वर्ष ओम शांति रिट्रीट सेंटर भोड़ाकला खुले परिसर में झांकियों के साथ मनाता रहा है। वहीं, इस बार देश में फैले कोरोना वायरस के कारण सेंटर में झांकियां ऑनलाइन देखी जा सकती हैं। झांकियों में कृष्ण गोपाल, माखन चोर कृष्ण, राधे-कृष्ण, काले नाग पर नृत्य दिखाया जाएगा। ऑनलाइन झांकियों को डॉयलाग के रूप में दिखाने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए ओम शांति रिट्रीट सेंटर की साइट पर लिंक अपलोड की जाएगी। वहीं, आश्रम हरि मंदिर पटौदी के अधीक्षक एडवोकेट सुरेंद्र धवन ने बताया कि देश में फैले कोरोना वायरस महामारी के कारण मंदिर परिसर में झांकियां नहीं दिखाई जाएगी।