गुुरुग्राम। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी व उत्तर भारत से आ रही शीत लहर के कारण इन दिनों मैदानी इलाकों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। जिसके कारण सोमवार को न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिसके चलते लोग दिन भर ठिठुरने को मजबूर रहे। करीब 4-5 दिन से कड़ाके की ठंड पड़ रही है, ऐसे में ठंड से बचाव के लिए दिन ढलते ही लोग अलाव जला लेते हैं। खास तौर पर ग्रामीण अंचलों और अरावली से सटे इलाकों में ठंड का ज्यादा असर है। सोहना, पटौदी व मानेसर के कई गांव अरावली के किनारे पर स्थित हैं, जहां सर्दी का असर शहर के मुकाबले कहीं ज्यादा है।
मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक आगामी करीब तीन-चार दिनों तक इसी तरह से शीतलहर चलने के आसार हैं, जिसके चलते ठंड की स्थिति यथावत रहेगी। रात में पारा गिरने के कारण गलन और बढ़ जाती है। राहत की बात यह है कि अभी दिन में अच्छी धूप खिल रही है, जिसके चलते ठंड से बचाव हो जाता है तो वहीं प्रदूषण से भी राहत है। सोमवार को दिन का अधिकतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सोमवार को भी शाम होते ही जगह-जगह अलाव जलते देखे गए। उधर प्रशासन एनजीटी का हवाल देकर अलाव की व्यवस्था नहीं कर रहा है।