गुरुग्राम। जेबीटी शिक्षकों के तबादलों पर रोक लगाने का मामला मंगलवार को भी नहीं सुलझा। शिक्षा विभाग ने हाईकोर्ट की सुनवाई का बहाना बनाते हुए शिक्षकों को फिर से निराश किया। हाईकोर्ट द्वारा मामले की सुनवाई 11 दिसंबर के लिए स्थगित कर दी गई है। अभी भी जेबीटी शिक्षक असमंजस की स्थिति में बने हुए हैं।
राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ की ओर से शिक्षा मंत्री के घेराव का ऐलान करने के बाद विभाग ने उनसे मंगलवार तक का समय मांगा था। इसके अलावा मुख्यमंत्री के ओएसडी भूपेश्वर दयाल ने भी उन्हें मंगलवार तक समस्या के निवारण का आश्वासन दिया था। वहीं अब विभाग ने फैसला हाईकोर्ट की सुनवाई पर टाल दिया है। राजकीय प्राथमिक शिक्षक संगठन के प्रदेशाध्यक्ष तरुण सुहाग का कहना है कि सरकार को इस संबंध में पैरवी करते हुए शिक्षकों के तबादलों पर रोक को हटाना चाहिए।
15 दिसंबर को मौलिक शिक्षा निदेशालय द्वारा जेबीटी शिक्षकों के तबादले के आदेश जारी किए गए थे। 2554 शिक्षकों के तबादले हुए। वहीं 27 नवंबर को यह आदेश रद्द करते हुए तबादलों पर रोक लगा दी गई। जिले के 227 शिक्षक भी इस रोक से प्रभावित हुए हैं, जिसके बाद शिक्षकों द्वारा तबादलों पर रोक के संबंध में प्रदर्शन किए जा रहे हैं। प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला प्रधान दुष्यंत ठाकरान का कहना है कि तबादले रोकने से काफी संख्या में शिक्षक प्रभावित हुए हैं। यदि शिक्षकों के पक्ष में फैसला नहीं आता है तो वह प्रदर्शन को आगे बढ़ाएंगे।