निगमायुक्त ने केंद्र सरकार की एसओपी के अनुरूप कार्य सुनिश्चित करने की दी हिदायत
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। नगर निगम गुरुग्राम में कर्मचारियों की सुरक्षा, सम्मान और कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए निगमायुक्त प्रदीप दहिया द्वारा सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। जारी निर्देशों के मुताबिक, सीवर एवं सीवरेज से जुड़े सभी कार्य निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुरूप ही किए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि किसी भी स्थिति में मानवीय जीवन को जोखिम में डालकर कार्य नहीं कराया जाएगा और सभी कार्य विधिवत प्रक्रिया के तहत ही संपन्न होंगे।
निर्देश में कहा गया है कि सीवर और सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान मशीनों और आधुनिक उपकरणों का अधिकतम उपयोग सुनिश्चित किया जाए। मैन्युअल एंट्री को पूरी तरह प्रतिबंधित श्रेणी में रखा गया है और केवल अत्यंत आवश्यक परिस्थितियों में, निर्धारित सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत ही इसकी अनुमति दी जा सकती है। ऐसे मामलों में गैस डिटेक्टर, ऑक्सीजन सपोर्ट सिस्टम, सेफ्टी हार्नेस, हेलमेट, दस्ताने और अन्य सुरक्षा उपकरणों का उपयोग अनिवार्य किया गया है।
आदेशों में यह भी कहा कि कर्मचारियों को नियमित रूप से प्रशिक्षण दिया जाना आवश्यक है, ताकि वे आपात स्थितियों से निपटने, विषैली गैसों की पहचान करने और सुरक्षा उपकरणों के सही उपयोग की जानकारी रखते हों। इसके साथ ही कार्यस्थल पर प्राथमिक उपचार (फर्स्ट एड) की सुविधा और आपातकालीन रेस्क्यू व्यवस्था उपलब्ध कराना भी अनिवार्य किया गया है।
निर्देशों में स्पष्ट किया गया है कि संबंधित एजेंसियां और ठेकेदार कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा, बीमा कवर, नियमित स्वास्थ्य जांच और गरिमापूर्ण कार्य वातावरण सुनिश्चित करें। किसी भी प्रकार की लापरवाही या नियमों की अनदेखी पाए जाने पर संबंधित एजेंसी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।