- यूजी-पीजी में दाखिले के लिए बार-बार बढ़ाई गई समयसीमा
- अतिरिक्त अवसर मिलने के बाद भी विद्यार्थियों ने नहीं दिखाई रुचि
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। जिले के सरकारी कॉलेजों में दाखिले के लिए विद्यार्थियों को बार-बार अतिरिक्त समय दिए जाने के बावजूद कई सीटें खाली रह गई हैं। उच्चतर शिक्षा विभाग की ओर से यूजी और पीजी दाखिले का कार्यक्रम कई बार बदला गया। खाली सीटों को भरने के लिए आवेदन और फीस जमा करने की समयसीमा भी बढ़ाई गई, लेकिन इसके बाद भी सभी सीटों पर दाखिले नहीं हो सके।
जिले के 10 राजकीय कॉलेजों में यूजी पाठ्यक्रमों की करीब 10 हजार सीटें हैं। दाखिला प्रक्रिया के दौरान कई चरणों में विद्यार्थियों को आवेदन, फीस जमा करने और काउंसलिंग का अवसर दिया गया। यूजी दाखिले की प्रक्रिया मई से शुरू हुई थी। इसके बाद विभाग की ओर से करीब छह बार कार्यक्रम में बदलाव किया गया। पीजी दाखिले के लिए भी संशोधित कार्यक्रम जारी कर विद्यार्थियों को अतिरिक्त समय दिया गया। इसके बावजूद कई पाठ्यक्रमों में सीटें खाली रह गईं।
खाली सीटें भरना बनी चुनौती-
दाखिला प्रक्रिया लंबी चलने के बाद भी विद्यार्थियों की कम रुचि कॉलेज प्रबंधन के लिए चुनौती बनी हुई है। कॉलेज स्तर पर विद्यार्थियों को उपलब्ध पाठ्यक्रमों और खाली सीटों की जानकारी दी जा रही है। प्रबंधन की ओर से उम्मीद है कि जानकारी मिलने के बाद विद्यार्थी उपलब्ध सीटों पर दाखिला ले सकते हैं। अब कॉलेज प्रबंधन को उच्चतर शिक्षा विभाग के अगले निर्देशों का इंतजार है। विभाग की ओर से खाली सीटों पर दाखिले के लिए आगे कोई अवसर दिए जाने पर प्रक्रिया फिर शुरू की जा सकती है।