ट्रायल की तैयारियां करने में जुटा जीएमडीए, बिजली का इंतजाम किया जा रहा
- चंदू बुढ़ेरा में अभी 400 एमएलडी पानी उपलब्ध
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अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। चंदू बुढ़ेरा में बन रहे पांचवें 100 एमएलडी संयंत्र का निर्माण अपने अंतिम चरण में है। टेस्टिंग की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। योजना के अनुसार मई में इसका ट्रायल किया जा सकता है। 100 एमएलडी पानी बढ़ने से ओल्ड और न्यू गुरुग्राम में पेयजल आपूर्ति में सुधार होने की उम्मीद है।
इसका निर्माण जीएमडीए की ओर से किया जा रहा है। इसे साल 2025 में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था। हालांकि बाद में डेडलाइन बढ़ाकर अप्रैल 2026 तक कर दी गई, लेकिन काम अब तक पूरा नहीं हो पाया है। ऐसे में मई तक काम पूरा करने का नया लक्ष्य तय किया गया।
चंदू बुढ़ेरा में यूनिट-5 के लिए 11 केवी सर्किट की तैयारी की जा रही है, जिसमें एक 630 केवी ट्रांसफॉर्मर की मरम्मत, एचटी केबल और अन्य संबंधित कार्य शामिल हैं। इस पर करीब 5.32 लाख रुपये खर्च होंगे। जीएमडीए के कार्यकारी अभियंता क्षितिज कुमार ने बताया कि नए संयंत्र के ट्रायल को लेकर बिजली संबंधी काम पूरे कराए जा रहे हैं।
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पहले से संचालित हो रहे 100-100 एमएलडी क्षमता वाले चार संयंत्र
जीएमडीए के कार्यकारी अभियंता (वाटर) अभिनव वर्मा ने बताया कि चंदू बुढ़ेरा संयंत्र में 100-100 एमएलडी के चार संयंत्र पहले से संचालित हैं। पांचवें संयंत्र का काम अंतिम चरण में है। मशीनरी समेत अन्य सिस्टम लगने के बाद ट्रायल शुरू किया जाएगा। इससे 100 एमएलडी पानी की उपलब्धता बढ़ जाएगी। इसके निर्माण पर करीब 78 करोड़ रुपये खर्च होंगे।