तावडू में 5.6 रिक्टर स्केल भूकंप आया, लोगों को बचाने के लिए एनडीआरएफ उतरी मैदान में
सभी विभागों के अधिकारी रहे मौजूद।
संवाद न्यूज एजेंसी
तावड़ू। शहर में शुक्रवार को जिला प्रशासन और एनडीआरएफ के संयुक्त तत्वावधान में 5.6 रिक्टर स्केल के भूकंप पर आधारित मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। उपमंडल मजिस्ट्रेट (एसडीएम) जितेंद्र कुमार के नेतृत्व में 'सुरक्षा चक्र' अभियान के तहत यह अभ्यास तावडू के पांच स्थानों में किया गया, जिनमें राजकीय महाविद्यालय, श्री श्याम गिरि गौ सेवा समिति (ग्राम ढिढारा), पटौदी चौक, हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी और मिनी सचिवालय परिसर शामिल रहा।
मॉक ड्रिल की शुरुआत सुबह 9 बजे आपातकालीन सायरन बजने के साथ हुई। भूकंप की सूचना मिलते ही एनडीआरएफ की 25 सदस्यीय टीम और संबंधित विभाग सक्रिय हो गए। एसडीएम के निर्देश पर बचाव कार्य शुरू हुआ, जिसमें ऊपरी मंजिलों पर फंसे लोगों, जिसमें एक महिला और बच्चे शामिल थे, को सुरक्षित निकाला गया। एनडीआरएफ ने दीवार काटकर, सीढ़ियों से लोगों को उतारकर और टेबल के नीचे छिपने का प्रदर्शन किया। रेडक्रॉस स्वयंसेवकों ने भी सराहनीय योगदान दिया। एसडीएम जितेंद्र कुमार ने बताया कि मॉक ड्रिल का उद्देश्य आपदा के समय जान-माल की हानि को कम करना और अधिकारियों-कर्मचारियों को उनकी जिम्मेदारियों से अवगत कराना था। एसडीएम ने बताया कि भूकंप के दौरान लिफ्ट का उपयोग नहीं करना चाहिए, बल्कि सीढ़ियों का इस्तेमाल करें और तुरंत खुले मैदान में पहुंचें। यदि बाहर निकलना संभव न हो, तो टेबल के नीचे छिपें। मॉक ड्रिल में पुलिस, प्रशासन, फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस सेवाओं के बीच बेहतर समन्वय देखा गया।