गुरुग्राम। कोविड जांच की कीमतें घटाए जाने के साथ ही जिले में अब ज्यादा से ज्यादा जांच के लिए निजी लैब संचालकों द्वारा न सिर्फ जांच शिविर लगाए जा रहे हैं, बल्कि ड्राइव थ्रू टेस्टिंग की सुविधा भी शुरू की जा रही है। बुधवार को सिविल लाइंस स्थित पुराने नगर निगम कार्यालय के समीप स्पाइस हेल्थ पैथ लैब कंपनी की तरफ से वॉक इन कैंप लगाया गया। वहीं, सेक्टर-23 पालम विहार में एसआरएल डायग्नोस्टिक्स ने बुधवार से ही ड्राइव थ्रू टेस्टिंग की सुविधा भी शुरू की।
सीएमओ वीरेंद्र यादव ने इसका उद्घाटन किया। दोनों ही जगहों पर निर्धारित शुल्क देकर जांच की सुविधा उपलब्ध है। पिछले दिनों सरकार ने नए सिरे से कोविड जांच की दरें तय की थी। उसके बाद से ही ज्यादा से ज्यादा जांच के उद्देश्य से कंपनियों ने शिविर लगाने के साथ ही ड्राइव थ्रू टेस्टिंग जैसे कदम उठा रही हैं। ऐसा इसलिए भी हो रहा है क्योंकि पिछले करीब पखवाड़े भर के दौरान कोरोना के मामलों में काफी कमी देखी गई है तो जांच कराने के लिए भी अब लोग निजी पैथ लैब में कम ही जा रहे हैं।
पहले रिपोर्ट के लिए परेशान होते थे लोग
अप्रैल से मई के पहले सप्ताह तक कोरोना चरम पर था। उस वक्त भीड़ में जाने से बचते हुए कोविड जांच के लिए खुद ही निजी अस्पतालों व लैब का रुख कर रहे थे। वहीं, तब जांच शुल्क भी ज्यादा थी। लैब कोविड जांच के लिए 1 हजार रुपये तक वसूल रहे थे। उस दौरान लैब व अस्पतालों में सीमित जांच की जाती थीं तो रिपोर्ट भी तीन-चीर दिन में मिलती थीं। अब स्थितियां बदली हैं तो लैब संचालकों की कार्यशैली में भी बदलाव आने लगा है।