गुरुग्राम। बर्ड फ्लू की दस्तक के बाद हरियाणा में हाई अलर्ट जारी हो चुका है, वहीं जिले में संबंधित विभागों में हालात ऐसे हैं कि पशु पक्षियों की निगरानी भगवान भरोसे है। गुरुग्राम में दो दिनों में 7 कौए मरे मिले हैं। वहीं, वन विभाग स्टाफ की कमी झेल रहा है तो पशुपालन विभाग के पास भी कोई तैयारी नहीं है। ऐसे में पशुपालन विभाग की लापरवाही भारी पड़ सकती है। इस समय वन विभाग सिर्फ 6 इंस्पेक्टरों के सहारे चल रहा है।
जिले में 419.42 हेक्टेयर में वन क्षेत्र है। केंद्र सरकार की ओर से वन्य जीवों की निगरानी के आदेश जारी हो चुके हैं लेकिन स्टाफ की कमी से इनकी निगरानी के लिए अभी तक एक भी टीम का गठन नहीं हुआ है। हालांकि, 6 इंस्पेक्टर विभिन्न क्षेत्रों में निगरानी के लिए पहुंच रहे हैं। दूसरी ओर वन्य प्राणियों से मामले के जुड़े होने का तर्क देकर वन विभाग के अधिकारी अपनी जिम्मेदारी से पीछे हट रहे हैं। जिले का सुल्तानपुर राष्ट्रीय पक्षी उद्यान 350 एकड़ में फैला हुआ है। जहां साइबेरिया, मंगोलिया और यूरोपियन देशों के भी पक्षी हैं। ऐसे में विभाग को सतर्क होने की जरूरत है।
पक्षियों का सैंपल जालंधर भेजा गया है। विभाग के पास वन्य जीवों की निगरानी के लिए टीम की कमी है। विभाग के पास सिर्फ 6 इंस्पेक्टर हैं। यही इंस्पेक्टर अलग-अलग जगहों पर निगरानी के लिए जा रहे हैं। स्टाफ की कमी है।
- राजेंद्र प्रसाद डांगी, मंडलीय वन्य प्राणी अधिकारी