गुरुग्राम। हरियाणा के खिलाड़ी खेलों में शानदार प्रदर्शन करके राष्ट्रीय ही नहीं बल्कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पदक जीत रहे हैं। प्रदेश सरकार की खेल और नई शिक्षा नीति से हरियाणा आगे बढ़ रहा है। यहां दूसरे प्रदेशों से खेल प्रतिनिधियों की टीमें खेल नीति, संसाधनों एवं खिलाड़ियों को कराए जाने वाले अभ्यास को देखने पहुंच रही हैं। ताकि वे अपने प्रदेशों में भी इसी तरह के खिलाड़ियों को तैयार कर सकें। ऐसा करके उनके यहां के खिलाड़ी भी पदक जीत सकें। यह बातें रविवार को उप राष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने सेक्टर-23ए स्थित नॉर्थकैप विश्वविद्यालय में टोक्यो ओलंपिक एवं पैरालंपिक खिलाड़ियों के लिए आयोजित सम्मान समारोह में बतौर मुख्यातिथि संबोधित करते हुए कही।
उप राष्ट्रपति ने कहा कि खुशी है कि पैरालंपिक खिलाड़ियों को सम्मानित करने का मौका मिला है। देशभर के दिव्यांग खिलाड़ियों ने पैरालंपिक खेलों में 19 पदक जीते, जिसमें 6 पदक हरियाणा के खिलाड़ियों ने जीते हैं और हरियाणा का नाम भारत ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया में रोशन किया है। हरियाणा के खिलाड़ियों ने पदक जीतकर दूसरे प्रदेशों को भी प्रेरित किया है और दूसरे प्रदेश यहां की खेल नीति को अपना रहे हैं। कोरोना महामारी के कारण कठिन परिस्थितियों में भी खिलाड़ियों ने अपने खेल में अच्छा प्रदर्शन करके पदक जीता है। खेल स्टेडियम खाली थे, लेकिन पूरी दुनिया की नजर टोक्यो ओलंपिक और पैरालंपिक में खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर थी। किसान और गांव के लोग कोरोना संक्रमण से ज्यादा प्रभावित नहीं हुए, क्योंकि वो शारीरिक रूप से मजबूत एवं प्रकृति के पास हैं। मुख्यमंत्री सीएम मनोहर लाल ने कहा कि फरीदाबाद में सुविधा के साथ पैरास्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स व हॉस्टल का निर्माण होगा। कार्यक्रम में खेल मंत्री सरदार संदीप सिंह मौजूद रहे।
ये खिलाड़ी हुए सम्मानित
कार्यक्रम के दौरान पैरालंपिक में शूटिंग (मिक्सड पी 450 मीटर पिस्टल) कैटेगरी में स्वर्ण पदक विजेता मनीष नरवाल और जेवलिन एफ-64 में स्वर्ण पदक विजेता सुमित अंतिल को 6-6 करोड़ रुपये की राशि पुरस्कार स्वरूप दी गई। डिस्क थ्रो में रजत पदक विजेता योगेश कथुनिया को 4 करोड़ रुपये, शूटिंग (मिक्सड पी4 50 मीटर पिस्टल) कैटेगरी में रजत पदक विजेता व पुरुष शूटिंग (पी1 10 मीटर एयर पिस्टल) कैटेगरी में कांस्य पदक विजेता सिंह राज अधाना को 4 करोड़ रुपये व 2.5 करोड़ रुपये तथा तीरंदाजी में कांस्य पदक विजेता हरविंदर सिंह को 2.5 करोड़ रुपये की राशि पुरस्कार स्वरूप दी गई। तरुण ढिल्लो, नवदीप सिंह और विनोद कुमार को 50-50 लाख रुपये दिए गए। वहीं अरुणा तंवर, दीपक सैनी, राहुल जाखड़, जयदीप देसवाल, रणजीत भट्टी, रामपाल, धरमबीर, अमित कुमार सरोहा, टेकचंद, अरविंद मलिक, एकता भयान को 15-15 लाख रुपये प्रोत्साहन राशि स्वरूप प्रदान किए गए। वहीं ओलंपिक में जैवलिन थ्रो में स्वर्ण पदक विजेता नीरज चोपड़ा, कुश्ती में रजत पदक विजेता रवि कुमार दहिया व कांस्य पदक विजेता पुरुष हॉकी टीम के खिलाड़ी सुमित को भी स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।