गुरुग्राम। कृषि कानूनों के खिलाफ संयुक्त किसान मोर्चा के धरने में शनिवार को केंद्र सरकार के टालमटोल के रवैये पर नाराजगी जताई गई। सभी ने कहा कि सरकार तारीख पर तारीख देना बंद करे और अपनी जिद छोड़कर किसानों की बात मान ले, क्योंकि वे भी देशहित में ही अपनी बात मनवाने के लिए सड़कों पर आए हुए है।
लघु सचिवालय के सामने दिल्ली-जयपुर हाईवे पर दिए जा रहे धरने में शनिवार को कई संगठनों के पदाधिकारियों ने शिरकत की। इस मौके पर मोर्चा के पदाधिकारी संतोख सिंह, राव कमलबीर सिंह और पार्षद आरएस राठी ने कहा कि केंद्र सरकार तारीख पर तारीख देकर किसानों का अपमान न करें। केंद्र सरकार केवल जनता को गुमराह करने के लिए किसानों को बार-बार बातचीत करने के लिए बुलाती है। दरअसल केंद्र सरकार की नीति और नीयत साफ नहीं है। उन्होंने कहा कि किसान केवल तीनों कानूनों को रद्द करने और एमएसपी की खरीद पर गारंटी का कानून बनाने की मांग है। इस मौके पर नवनीत रोज, बलकेश बाल, पूर्व पार्षद रविंदर कटारिया, ईश्वर सिंह पातली, कमल पहलवान गढ़ौली आदि मौजूद रहे।
खेड़कीदौला टोल को बताया अवैध
गुरुग्राम। संयुक्त किसान मोर्चा गुरुग्राम के अध्यक्ष एवं जिला बार एसोसिएशन गुरुग्राम के पूर्व प्रधान संतोख सिंह ने कहा कि खेड़कीदौला में टोल प्लाजा बनाने का संबंधित कंपनी को कोई अधिकार नहीं था। कंपनी ने अधिकारियों से मिलीभगत करके टोल प्लाजा बना रखा है। केंद्र सरकार ने भी इस टोल प्लाजा को अधिकृत नहीं किया है।