मॉडल दिव्या पाहुजा की हत्या के मुख्य आरोपी होटल मालिक और दिव्या के शव को ठिकाने लगाने वाले बलराज गिल की ओर से पुलिस को दिये जा रहे बयान की क्रास चेकिंग होगी। दोनों की कहानी में अंतर है।
पुलिस हत्या के कारण जानने से लेकर उसके शव को ठिकाने लगाने वाले की भूमिका की जांच कर रही है। दस दिन पहले दिव्या पाहुजा की हुई हत्या के बाद से कमिश्नरी की पुलिस उसके शव को तलाशने में जुटी है।
पुलिस को पहले उसके शव को ठिकाने लगाने के वाले बलराज गिल की तलाश थी। अब वह गिरफ्तार हुआ है तो उससे होने वाले सवालों के जवाब का मिलान होटल मालिक अभिजीत की ओर से दिये गए बयान से आमने-सामने बैका कर मिलाया जाएगा।
बलराज गिल ने पुलिस को गुमराह करने का किया पूरा प्रयास
दिव्या पाहुजा की हत्या के बाद उसके शव को ठिकाने लगाने वाले बलराज गिल ने पूरी जांच के दौरान पुलिस को गुमराह किया। उसके फरार होने के कारण ही दिव्या की हत्या के सवालों का जवाब पुलिस के पास नहीं था।
दिव्या की हत्या से जुड़े 10 सवाल
बलराज गिल जिस मिनी कूपर कार से दिल्ली से गुरुग्राम आता है। उसमें इतनी बड़ी रकम क्यों छोड़ी जाती है।
मुनक नहर में शव को ठिकाने लगाने के बाद 64 किमी की दूरी तय करके पटियाला में बीएमडब्ल्यू कार खड़ी की जाती है।
हत्या होटल में होती है और कारतूस पटियाला में कार में मिलता है।
मेघा को अचानक हत्या के बीच क्यों लाया जाता है। जबकि दो दिन की पुलिस रिमांड के दौरान कुछ खास हाथ नहीं लगता है।
बलराज गिल को अगर जहाज पकड़ कर विदेश जाना था तो वह कोलकता क्यों गया। वह और भी एयरपोर्ट से जा सकता था।
गैंगस्टर संदीप गाडौली की प्रेमिका दिव्या पाहुजा की हत्या होती है, शव पंजाब में ठिकाने लगाया जाता है। शव पूरी तरह से नष्ट हो जाए उसके आरोपी पुलिस टीम को चकमा देते हैं।
अलग-अलग प्रदेश में लोकेशन देकर पुलिस टीम को भटकाते रहे आरोपी।
रवि बंगा अब संदिग्ध हालत में गायब है। कुछ सवालों के जवाब उस पर डाल कर जांच को प्रभावित किया जा सकता है।
12 बजे दिव्या पाहुजा को अपने घर पहुंचना था तो पांच घंटे तक वह होटल में क्यों रूकी, इस दौरान क्या हुआ। इस सवाल का जवाब उसके परिजनों के पास नहीं है।