गुरुग्राम। जिले में नए कोरोना संक्रमित लोगों की संख्या में कमी आने लगी है। पिछले लगातार तीन दिनों से कोरोना संक्रमितों की संख्या 4 हजार से कम रही है, वहीं बीमारी को मात देकर ठीक होने वालों की संख्या बढ़ी है। गत दिवस शुक्रवार को 3588 नए मरीज मिले थे, जबकि 4253 लोग ठीक भी हुए थे। वहीं बृहस्पतिवार को 3737 कोरोना संक्रमित मिले थे। ऐेसे में कहा जा सकता है कि गुरुग्राम में कोरोना संक्रमण को लेकर जागरूक होने लगे हैं, लेकिन संक्रमण से बचाव को लेकर लोगों को भविष्य में भी जागरूक रहना होगा।
शनिवार को गुरुग्राम में 3441 नए कोरोना संक्रमित मिले हैं और 10 लोगों की मौत हुई है जबकि 4101 लोगों ने कोरोना को मात भी दी है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार गुरुग्राम जिले में अभी तक 153660 कोरोना पॉजिटिव मामले आ चुके हैं, जिसमें 114753 लोग कोरोना संक्रमण से जीतकर ठीक हो चुके हैं, जबकि 577 लोगों की मौत हो चुकी है। वर्तमान में 38330 एक्टिव केस हैं, जिसमें 35822 लोग होम आईसोलेंशन हैं, जबकि 162 लोग जिला कोविड केयर सेंटर में भर्ती हैं और 2346 लोग विभिन्न अस्पतालों में इलाज करवा रहे हैं।
10501 लोगों को टीका लगाया
गुरुग्राम। जिले में शनिवार को 10501 लोगों को टीका लगाया गया, जिसमें 5951 लोगों ने पहली डोज और 4550 लोगों ने दूसरी डोज ली। 9697 लोगों ने सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर और 804 लोगों ने निजी स्वास्थ्य केंद्रों पर टीका लगवाया। शनिवार को कुल 60 केंद्रों पर वैक्सीन के टीके लगाए गए जिसमें 18 से 44 वर्ष के 5471 लोगों को वैक्सीन की पहली डोज लगाई गई, जिसमें 4932 लोगों ने सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों और 539 लोगों ने निजी स्वास्थ्य केंद्रों पर टीका लगवाया। वहीं 45 वर्ष या इससे अधिक उम्र के 4671 लोगों को वैक्सीन के टीके लगाए गए। जिसमें 353 लोगों ने पहली डोज और 4264 लोगों ने दूसरी डोज लगवाई। वहीं 220 स्वास्थ्य कर्मियों में सेे 35 ने पहली डोज और 185 ने वैैक्सीन की दूसरी डोज लगवाई। जबकि 193 फ्रंट लाइन वर्कर्स में से 92 ने पहली डोज एवं 101 ने वैक्सीन की दूसरी डोज लगवाई। शनिवार तक गुरुग्राम जिलेे के 522992 लोगों को वैैक्सीन का टीका लगवाया है। पिछले दो दिनों से जिले में फिर वैक्सीन का टीका लगानेे की प्रक्रिया ने रफ्तार पकड़ी है। शुक्रवार व शनिवार को 22986 लोगों को टीका लगाया गया है। ऐसे में लोग वैैक्सीन का टीका लगवाने के लिए जागरूक हो रहे हैं, ताकि कोरोना महामारी के संक्रमण से बचाव किया जा सके।