गुरुग्राम। हिसार के आजाद नगर निवासी एक युवक ने डीएलएफ फेज-2 निवासी एक परिवार पर विवादित कंपनी को अपना बताकर 1 करोड़ 5 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया है। पीड़ित के मुताबिक, आरोपियों ने उत्तराखंड की एक विवादित संपत्ति को अपना बताकर उन्हें बेच दिया और उसकी एवज में बतौर एडवांस 1 करोड़ 5 लाख रुपये वसूल लिए। संपत्तियों के विवादित होने की जानकारी मिलने के बाद अपने पैसे वापस मांगने पर आरोपियों ने पीड़ित को जान से मारने की धमकी दी है। लिखित शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के मुताबिक, जल्द ही आरोपी गिरफ्त में होंगे।
हिसार जिले के आजाद नगर निवासी दलजीत ने पुलिस कमिश्नर को दी शिकायत में बताया कि फरवरी में वह अपने दोस्त के साथ उत्तराखंड के थानगांव मिश्रपट्टी गए हुए थे, जहां उनकी मुलाकात डीएलएफ फेज-2 निवासी सुभाष वली व उनके परिवार से हुई। सुभाष वली ने अपने आपको मैसर्स नेचर क्वेस्ट इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (एनक्यूआईपीएल) का मालिक बताया और पैसों की सख्त जरूरत होने की बात कहते हुए संपत्ति को बेचने की इच्छा जाहिर की। दोस्त से परामर्श के बाद दलजीत ने संपत्ति को खरीदने का निर्णय लिया। विक्रेता सुभाष वली व खरीदार दलजीत के बीच कंपनी की बिक्री का सौदा दो करोड़ 10 लाख रुपये में तय हुआ। सुभाष ने अगस्त में सारी कागजी कार्रवाई पूरी कर कंपनी के 100 फीसदी शेयर दलजीत के नाम करने का आश्वासन दिया।
दो किस्तों में दी राशि
वहीं, बातचीत के बाद दलजीत ने दो किस्तों में सुभाष को 1 करोड़ 5 लाख रुपये (50 फीसदी) दे दिए। इसी दौरान मई में सुभाष की मौत हो गई। आरोप है कि कागजी कार्रवाई पूरी करने के लिए अगस्त में तय तिथि पर दलजीत जब देहरादून स्थित सब रजिस्ट्रार कार्यालय पहुंचे तो सुभाष वली का परिवार इससे आनाकानी करने लगा। इसके बाद दलजीत ने कंपनी के असल मालिकों के बारे में जांच पड़ताल की तो पता चला कि जिस कंपनी (एनक्यूआईपीएल) की खरीद के लिए वह प्रयासरत हैं, उस पर लंबे समय से सरकार के साथ कानूनी विवाद चल रहा है। इसके बाद दलजीत ने जब आरोपियों से अपने पैसे वापस मांगे तो आरोपियों ने संपत्ति की खरीद-बिक्री की बात भूल जाने को कहा। आरोपियों ने कहा कि ज्यादा जोर-जबरदस्ती की तो उन्हें जान से मरवा देंगे। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।