दिल्ली सरकार अपने स्कूलों के ग्याहरवीं के विद्यार्थियों को फर्राटेदार अंग्रेजी बोलना सिखाएगी। शिक्षा निदेशालय ने इसके लिए मंगलवार को ब्रिटिश काउंसिल के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। समझौते के तहत एजुकेशन इंग्लिश लैंग्वेज लर्निंग, स्किल डेवलपमेंट और आर्ट एंड कल्चर पर काम किया जाएगा। सरकार पहले से ही ब्रिटिश काउंसिल के साथ मिलकर काम कर रही है। अब इसका दायरा बढ़ाने के लिए सरकार ने यह समझौता किया है।
दिल्ली सरकार और ब्रिटिश काउंसिल के बीच हुए समझौते के तहत ग्याहरवीं के विद्यार्थियों को स्पोकन इंग्लिश की ट्रेनिंग की जाएगी। जिसमें 12000 विद्यार्थियों को 160 घंटों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे विद्यार्थियों के अंग्रेजी के कौशल को निखारा जा सकेगा और वह इसे बोलने में सक्षम होंगे। दिल्ली सरकार की तरफ से उप-मुख्यमंत्री व शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया और ब्रिटिश काउंसिल की तरफ से डायरेक्टर एलेन गेमेल ओबीई ने सर्वोदय कन्या बाल विद्यालय वेस्ट विनोद नगर में आयोजित एक कार्यक्रम में इस समझौते पर हस्ताक्षर किये। इस अवसर पर ब्रिटिश काउंसिल व शिक्षा निदेशालय के कई अधिकारी व स्कूली बच्चे उपस्थित थे।
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि शिक्षा की दिशा में सरकार बहुत कार्य कर रही है। हम ब्रिटिश काउंसिल के साथ मिलकर पहले ही काम कर रहे हैं लेकिन अब इसका दायरा बढ़ाने के लिए ये समझौता किया गया है। अब हम युवाओं के स्किल डेवलपमेंट और कला एवं संस्कृति में सहयोग की दिशा में भी मिलकर काम करेंगे। ब्रिटिश काउंसिल इंडिया डायरेक्टर एलेन गेमेल ओबीई ने समझौता पत्र पर हस्ताक्षर करते हुए कहा कि हम हमें खुशी है कि हमने दिल्ली सरकार के साथ समझौता किया है। उन्होंने उपमुख्यमंत्री के विजन को भी काफी सराहा।