सम-विषम लागू होने के बाद भी प्रदूषण में कमी नहीं आने के लिए सरकार ने राजधानी में अचानक से बढ़ी आग की घटनाओं को भी जिम्मेदार बताया है। यही नहीं, कुछ आगजनी की घटनाओं पर सवाल भी उठाए हैं।
परिवहन मंत्री गोपाल राय ने फायर विभाग के आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि दिल्ली में आग की घटनाओं में दो गुना से ज्यादा का इजाफा हुआ है। भलस्वा डेयरी, गाजीपुर लैंडफिल साइट के साथ शांति वन में लगी आग को लेकर बनाई गई कमेटी की रिपोर्ट भी पेश की, जिसमें लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है।
राय ने बताया कि दिल्ली में प्रदूषण बढ़ने के कई कारण हो सकते हैं। दिल्ली सरकार का पर्यावरण विभाग 70 प्वाइंट्स की सैंपलिंग कर प्रदूषण के आंकड़े जुटा रहा है। उन्होंने कहा कि सम-विषम लागू होने के साथ दिल्ली में तेजी से आग की घटनाएं बढ़ी हैं।
उन्होंने वर्ष 2015-2016 में 15 से 27 अप्रैल के बीच आग की घटनाओं का हवाला भी दिया। उन्होंने बताया कि 2015 में इस अवधि में कुल 977 आग की कॉल थी। जबकि, 2016 में 1599 कॉल आई।
आग की घटनाएं क्या साजिश के तहत हैं, इस सवाल पर राय ने कहा कि ऐसा वह नहीं कह रहे हैं। लैंडफिल साइट्स पर आग लगती रहती है, क्योंकि वहां मिथेन गैस पैदा होती रहती है। लेकिन, शांति वन में एक ही समय पर तीन अलग-अलग जगहों पर आग लगना, वह भी तब जबकि वहां ऐसा कुछ नहीं है सवाल खड़े करता है।