हरिद्वार से कांवड़ लेकर दिल्ली लौट रहे गोल्डन बाबा को देखने नगर में कई स्थानों पर भीड़ उमड़ पड़ी। गोल्डन बाबा का कहना है कि पापों के प्रायश्चित के लिए वह कांवड़ यात्रा पर निकले हैं। उनके जत्थे में 250 कांवड़िया शामिल हैं।
सोमवार को दिल्ली जाते समय कुछ देर के लिए गोल्डन बाबा मोदीनगर में रुके थे। इस दौरान गोल्डन बाबा को देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। गोल्डन बाबा ने बताया कि यह उनकी 22 वीं कांवड़ यात्रा है।
यात्रा पर करीब 65 लाख रुपये खर्च आएगा। गोल्डन बाबा ने बताया कि भक्ति में डूबने के कारण अब उन्होंने थोड़ा बहुत प्रॉपर्टी का काम छोड़कर सभी व्यवसाय त्याग दिया हैं।
उन्होंने बताया कि वह प्रॉपर्टी से प्राप्त आय से गरीबों की मदद करते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि पतंजलि योग पीठ से जुड़े बालकृष्ण से मिली सोने की चेन भेंट में मिलने के बाद से उनके जीवन में चमत्कार हो रहे हैं।
फिलहाल गोल्डन बाबा साढ़े आठ किग्रा. की सोने की दर्जनों मालाएं पहने हुए हैं और दीपावली पर ग्यारह किलो वजन की सोने की मालाएं पहनने का उनका इरादा हैै।
चेन बांटने की अफवाह पर दौड़े पुलिसकर्मी
दरअसल, गोल्डन बाबा के मोदीननगर सीमा में प्रवेश करते समय कादराबाद चैक पोस्ट पर यह अफवाह तेजी से फैली की गोल्डन बाबा पुलिस कर्मियों को सोने की चेन बांट रहे हैं। इस खबर पर कुछ पुलिस कर्मी ड्यूटी छोड़ गोल्डन बाबा को तलाशने लगे। मगर यह अफवाह थी।