बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक होलिका का बुधवार को दहन किया गया। शहर में मुख्य चौराहों, मोहल्ल्लों और सोसाइटीज को मिलाकर लगभग 2000 जगह होलिका जलाई गई। सुबह से महिलाओं बच्चों सहित सभी ने पूजा-अर्चना की और लोगों ने शाम को होलिका में जौ की बालियां चटकाईं।
होली वाली गली में 50 क्विंटल लकड़ी की होलिका जली
होली वाली गली में पचास क्विंटल लकड़ी की होलिका जलाई गई। इसकी ऊंचाई करीब 20-22 फुट तक रही। सुबह से गली की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम रहे। उस गली से वाहन की आवाजाही पर रोक लगाई गई थी। सुबह से पुलिस तैनात रही। होलिका दहन के बाद हलवे का प्रसाद बांटा गया।