बुलंदशहर के छतारी कस्बा स्थित धौरऊ गांव में गुरुवार को कांग्रेस महासचिव प्रियंका वाड्रा पीड़ित परिवार से मिलने पहुंची। उन्होंने मृतका युवती के परिजनों से बातचीत की और न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। साथ ही किसी भी प्रकार से पुलिस या राजनीतिक दबाव में नहीं रहने के लिए कहा। पीड़ित परिवार को बेहतर वकील दिलाने की बात कही।
प्रियंका वाड्रा ने कहा कि परिवार के सदस्यों से बात करके पता चला है कि सारे मामले को पुलिस और प्रशासन ने दबाने की कोशिश की है। जिस तहर से हाथरस में अंतिम संस्कार कराया गया था, लगभग उसी तरह से यहां पर किया गया है।
परिवार पर रात में ही अंतिम संस्कार करने के लिए दबाव डाला गया। परिवार के लोग पुलिस की कार्रवाई से असंतुष्ट हैं। सही धाराओं में मुकदमा दर्ज भी नहीं किया गया था। कल रात को जब जानकारी मिली कि कांग्रेस पार्टी पीड़ित परिवार से मिलने आ रही है। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ धाराएं बढ़ाई गई।
परिवार को एफआईआर रिपोर्ट भी नहीं दी गई है। हम इस मामले का दबने नहीं देंगे। लगातार हम परिवार के साथ खड़े हैं और खड़े रहेंगे। परिवार का कहना है कि सामूहिक दुष्कर्म हुआ है, लेकिन पुलिस इस बात से इनकार कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी स्पष्ट नहीं लिखा गया है।
युवती की नानी पैर पकड़कर पुलिस से शव को देखने की मांग की, लेकिन पुलिस उनको धक्का देकर चली गई। घटना के विषय में परिजनों से पहले पुलिस को जानकारी मिल गई। ऐसे कैसे। इस तरह के कई सवाल हैं, जो सरकार से पूछने हैं।
युवती के चरित्र पर सवाल खड़ा कर रही प्रशासन
हाथरस की घटना में भी अपनी सफाई रखने के लिए युवती के चरित्र पर आरोप लगाए थे। उसी तरह इस मामले में भी प्रशासन अपनी गलती छिपाने के लिए युवती के चरित्र को खराब कर रही है।
राज्यमंत्री पर लगाए पुलिस पर दबाव बनाने के आरोप
प्रियंका वाड्रा का कहना है कि राज्य मंत्री अनिल शर्मा ने बार-बार फोन करके पुलिस से जानकारी ले रहे हैं। जरूर उनका इस मामले से संबंध हैं, तभी सही से कार्रवाई नही करने दे रहे।