गांव नंगौला अमीपुर निवासी दीपक कुमार मजदूरी करते हैं। दीपक कुमार पत्नी, तीन पुत्रियों और एक पुत्र के साथ गांव में ही रहते है। 14 वर्षीय बड़ी पुत्री पलक हापुड़ के पिलखुवा स्थित एक स्कूल में कक्षा आठ की छात्रा है और आठ वर्षीय पुत्री मानवी गांव के ही प्राथमिक विद्यालय में कक्षा तीन में पढ़ती थी।
परिजनों ने बताया कि बच्ची मानवी को कई दिन से बुखार आ रहा था। बुधवार रात दीपक कुमार पुत्री मानवी और पलक के साथ बेड पर सो रहे थे। रात में मानवी की चीख निकली तो परिजनों ने समझा कि बुखार के कारण उसे परेशानी हो रही है। कुछ देर बाद पलक भी चीखने लगी। दो बहनों की तबीयत बिगड़ी तो परिजन उन्हें पिलखुवा स्थित एक मेडिकल कॉलेज ले गए।
वहां चिकित्सकों ने दोनों बहनों को सांप के डसने की बात बताई तो परिजनों के होश उड़ गए। हालत ज्यादा बिगड़ने पर उन्हें मेरठ रेफर कर दिया गया, वहां चिकित्सकों ने बच्ची मानवी को मृत घोषित कर दिया। पलक अभी भी उपचाराधीन है। सूचना के बाद पहुंची वन विभाग की टीम ने भी मामले की जानकारी ली। टीम ने सांप को पकड़ने की कोशिश की मगर आसपास के क्षेत्र में कहीं सांप नहीं दिखा। सांप नहीं मिलने से परिजनों में दहशत का माहौल है।