विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) द्वारा इस बार भीषण लू और गर्मी का अंदेशा जताया गया है। इसे देखते हुए शासन ने सभी जनपदों के डीएम को जनसामान्य को लू और गर्मी से बचाने के उपाय करने के निर्देश दिए हैं।
स्कूल और शिक्षण संस्थानों का समय बदलने का आदेश भी जारी किया गया है। इसके साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं को सुचारूरखने और ओआरएस का पर्याप्त स्टॉक रखने का भी आदेश है।
इस बार मार्च से ही पारा 40 डिग्री के पार पहुंचने लगा था। दो-चार दिन की राहत के बाद अब मौसम विज्ञानियों ने चेतावनी दी है कि 12 अप्रैल से तापमान 41-42 केबीच रहेगा। अपर मुख्य सचिव अरुण कुमार सिन्हा ने कहा है कि स्कूलों और शिक्षण संस्थानों में सुनिश्चित किया जाए कि इनका संचालन प्रात:काल से ही किया जाए।
स्वास्थ्य विभाग को भी निर्देशित किया गया है कि वह बीमारियों से बचाव संबंधी जानकारी, जनसामान्य को जागरूक करने के लिए बैनर, पोस्टर लगाना सुनिश्चित करें। साथ ही स्थानीय प्रशासन एनजीओ के जरिए हाईवे, बस स्टैंड, धार्मिक स्थलों आदि सार्वजनिक स्थानों पर स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था करें। लू और तेज गर्म हवाओं के कारण आग लगने की संभावनाएं देखते हुए अस्पतालों में बर्न वार्ड में भी आवश्यक तैयारी करने के निर्देश दिए गए हैं।
डीएम निधि केसरवानी का कहना है कि गर्मी के मद्देनजर सभी सरकारी स्कूलों का समय सुबह 8 बजे से कर दिया गया है। शासन का आदेश अभी मिला नहीं है। आदेश के बाद निजी सीबीएसई और आईसीएसई बोर्ड के स्कूलों को भी आवश्यक आदेश जारी कर दिया जाएगा।
कैसे होगा अस्पतालों में इंतजाम
लू और गर्म हवाओं के चलते अस्पतालों में मरीजों की संख्या अभी से बढ़ने लगी है। इसे देखते हुए सभी अस्पतालों में दवाओं का अतिरिक्त स्टॉक, ओआरएस के सैशे, फ्ल्यूड आदि की पर्याप्त व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं। जबकि जनपद के सभी सरकारी अस्पतालों में दवाओं और फ्ल्यूड का भारी टोटा है। शासन से अभी तक बजट नहीं आ पाया है। मरीजों को बाहर से दवाएं आदि खरीदनी पड़ रही है।
आने वाले दिनों में यह रहेगा मौसम का हाल
तारीख अधिकतम डिग्री सेल्सियस न्यूनतम
9 अप्रैल- रविवार 34 18
10 अप्रैल - सोमवार 36 19
11 अप्रैल- मंगलवार 38 22
12 अप्रैल - बुधवार 41 23
13 अप्रैल- बृहस्पतिवार 42 25