स्वास्थ्य विभाग ने गाजियाबाद के लोगों को सात नई सेवाओं की सौगात दी है। प्रदेश के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्य मंत्री शंख लाल मांझी शुक्रवार को गाजियाबाद के नवनिर्मित सात भवनों का लोकार्पण किया। उन्होंने बसपा और मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा।
शुक्रवार को कविनगर सामुदायिक भवन पहुंचे राज्य स्वास्थ्य मंत्री ने संयुक्त अस्पताल में बने 60 बेड का वार्ड, ब्लड बैंक भवन, आधुनिक लाउंड्री और एमएमजी अस्पताल में निर्मित आईसीयू एवं वार्ड, माड्यूलर किचेन, माड्यूलर लाउंड्री के साथ माडर्न पोस्टमार्टम हाउस का लोकार्पण किया।
लोकार्पण के बाद स्वास्थ्य विभाग ने अपनी एक साल के कार्यों का लेखाजोखा प्रस्तुत किया। राज्यमंत्री ने कहा कि पहले अस्पताल में भर्ती होने के लिए मरीजों को 35 रुपये देने पड़ते थे, लेकिन अब एक रुपये में मरीजों को मुफ्त दवाओं के साथ एक्सरे, अल्ट्रासाउंड सहित सभी पैथालॉजी जांचें हो जाती हैं।
65 साल में जितना काम नहीं हुआ उससे अधिक काम सपा सरकार ने चार साल में कर दिखाया है। इसके अलावा समाजवादी एंबुलेंस सेवा का भी उन्होंने जमकर बखान किया। उसके बाद केंद्र सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि समाजवादी एंबुलेंस सेवा नाम देने के कारण केंद्र ने बजट देने से इंकार कर दिया था, लेकिन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि उसके बावजूद प्रदेश सरकार बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराएगी।
इस दौरान डीएम विमल कुमार शर्मा, एसडीएम नितिन मदान, महिला आयोग की सदस्य राजदेवी चौधरी, राज्यमंत्री राम किशोर अग्रवाल, जेपी कश्यप, मानसिंह यादव, एडी हेल्थ डॉ. मंजू शर्मा, एमएमजी के सीएमएस डॉ. जेपी त्यागी, संयुक्त जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. दिनेश शर्मा, जिला महिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. श्रद्धा यादव मौजूद रहीं।
फ्री पैथलैब शुरू
अब एमएमजी अस्पताल में शाम छह बजे तक पैथलैब जांच के लिए सैंपल लिए जाएंगे। 17 नंबर कमरे को कलेक्शन सेंटर बनाया गया है, जहां मरीजों के सैंपल लिए जाएंगे। इसके तहत सभी महंगी जांच जैसे हार्मोनल टेस्ट, किडनी, ब्लड कल्चर, यूरीन कल्चर सहित जो भी जांच प्राइवेट लैब में होती है अब सभी जांच सरकारी अस्पतालों में होंगी। एमएमजी के बाद जिला महिला अस्पताल और संयुक्त जिला अस्पताल में भी इसका शुभारंभ होगा।
चिकित्सकों की नियुक्ति पर बगलें झांकने लगे मंत्री
पत्रकारों के इस सवाल पर कि लोकार्पण किए गए भवनों को बिना स्टाफ कैसे चलाया जाएगा, मंत्री बगलें झांकने लगे। उन्होंने साफ कहा कि चिकित्सकों की नियुक्ति उनके हाथ में नहीं है। प्रदेश में पांच सौ से अधिक चिकित्सकों की कमी है।
प्रधानमंत्री मोदी की नकल उतारने में रहे मांझी
मांझी ने प्रधानमंत्री मोदी की नकल उतारते हुए कहा कि एक सरकार ऐसी है जो काम कम करती है और फोटो अधिक खिंचवाती है। सरकार ने युवाओं को रोजगार दिलाने के वादे किए थे, लेकिन दो साल बाद भी युवा रोजगार के लिए तरस रहे हैं। अच्छे दिन के वादे किए थे, लेकिन जनता महंगाई से जूझ रही है।
बसपा शासन को बताया लुटेरी
मांझी ने कहा कि बसपा सरकार जालिम और लुटेरी सरकार थी। 10 हजार करोड़ का एनआरएचएम घोटाला इसी सरकार में हुआ था। उस समय कागजों पर ही दवाइयां खरीदी जाती थीं। यही कारण है कि बसपा सरकार के कई मंत्री-अफसरों का नाम इस घोटाले में उजागर हुआ है। उनका कहना था कि बसपा सरकार विकास के नाम पर पत्थरों का शहर बनाना चाहती थी।