अर्थला में आखिरकार मेट्रो स्टेशन बनने का रास्ता साफ हो गया। जीडीए ने स्टेशन के लिए एक निजी संस्था से उसकी जमीन का सौदा कर लिया है। एक सप्ताह बाद इस जमीन की रजिस्ट्री हो जाएगी। डिजाइन तैयार होने के बाद स्टेशन का निर्माण शुरू कर दिया जाएगा।
बता दें कि जीडीए ने अर्थला में मेट्रो स्टेशन के लिए सेल्स टैक्स विभाग से जमीन मांगी थी, जो अब तक नहीं मिली। इस चक्कर में पिछले छह महीने से स्टेशन निर्माण का मामला अटका था।जीडीए के ओएसडी डीपी सिंह ने शनिवार को बताया कि जीडीए एक निजी संस्था से 6.80 करोड़ में एक हजार वर्गमीटर जमीन खरीदेगा।
एक सप्ताह के बाद जमीन की रजिस्ट्री करा ली जाएगी। डीएमआरसी से स्टेशन का डिजाइन तैयार करने को कह दिया गया है। उन्होंने बताया कि यहां स्टेशन दोनों तरफ बनेगा। पार्किंग के लिए और जमीन की जरूरत पडे़गी। इस कारण सेल्स टैक्स विभाग से जमीन की मांग बरकरार रहेगी। अभी तक विभाग ने जमीन देने से इंकार नहीं किया है।
विभाग से जमीन मिल जाएगी तो स्टेशन परिसर का क्षेत्रफल बढ़ाने में सुविधा होगी।दो स्टेशनों पर ही होगी बड़ी पार्किंगडीपी सिंह ने बताया कि दिलशाद गार्डन से नया बस अड्डा के बीच राजेंद्र नगर और राजनगर एक्सटेंशन स्टेशन पर ही बड़ी पार्किंग होगी। दरअसल एक मेट्रो स्टेशन के लिए 720 वर्गमीटर जमीन की न्यूनतम जरूरत होती है।
ये दो स्टेशन क्रमश: 2200 व 2800 वर्गमीटर जमीन पर बन रहे हैं इसलिए यहां पार्किंग बनाई जाएगी। 720 मीटर जमीन पर मोहननगर स्टेशन बन रहा है इसलिए वहां पार्किंग नहीं होगी। अर्थला में सेल्स टैक्स विभाग से जमीन मिल गई तो पार्किंग बनेगी। अन्य स्टेशनों पर जमीन की उपलब्धता के हिसाब से छोटी पार्किंग बनाने पर विचार किया जाएगा।
नया बस अड्डा स्टेशन के पीछे की जमीन पर पार्किंग बनाई जा सकती है, वैसे पास ही रेड मॉल की अंडरग्राउंड पार्किंग का उपयोग मेट्रो यात्री कर सकते हैं।नहीं बढे़गा बजटचीफ इंजीनियर एससी द्विवेदी ने बताया कि डीएमआरसी अपना बजट 2210 करोड़ ही रखेगा।
तत्कालीन वीसी संतोष यादव के कार्यकाल में इस रूट पर सात स्टेशनों का निर्माण ही तय हुआ था। बाद में एक स्टेशन और बढ़ाए जाने पर डीएमआरसी ने बजट में बढ़ोतरी करने की बात कही थी लेकिन अब बजट नहीं बढ़ाने पर डीएमआरसी सहमत हो गया है।