बार-बार शिकायत कर थक चुके लोगों का अब नगर निगम से भरोसा उठ रहा है। कविनगर एल-ब्लाक आरडब्ल्यूए में शामिल बुजुर्गों ने अब खुद हरियाली और सौंदर्यीकरण का बीड़ा उठाया है।
उन्होंने कविनगर सी-ब्लाक मार्केट में अतिक्रमण हटाकर खाली पड़ी जगह में पौधारोपण, घास लगाकर छोटा पार्क विकसित किया है। आरडब्ल्यूए के लोगों ने इसमें पैसा भी अपनी जेब से खर्च किया है। इस मिनी पार्क का नाम भी उन्होंने प्रेरणा स्थल रखा है।
कविनगर एल-ब्लाक आरडब्ल्यूए के चीफ पैटर्न और 25 साल अध्यक्ष रह चुके मदन मोहन अग्रवाल ने बताया कि नगर निगम जोनल कार्यालय के पास खाली पड़ी जमीन पर अवैध ठेले वालों का कब्जा था।
उनकी वजह से न केवल गंदगी रहती थी, बल्कि शाम के वक्त महिलाओं का आना-जाना भी मुश्किल हो जाता था। तीन साल से नगर निगम से कई बार शिकायत की गई। दो बार ठेले हटाए गए, लेकिन चंद दिनों बाद फिर लग गए।
इस जमीन को खाली कराकर सौंदर्यीकरण की मांग को निगम ने ठुकरा दिया। अब ग्रीन गाजियाबाद-क्लीन गाजियाबाद की मुहिम में यहां जमीन को खाली कराकर अपने पैसों से मिनी पार्क डेवलप कराया गया है। पार्क में घास, पौधे और लकड़ी की बेरिकेडिंग कराई गई है।
मदन मोहन अग्रवाल का कहना है कि जल्द ही यहां लोगों के बैठने के लिए बेंच भी लगाई जाएंगी। उन्होंने बताया कि इसमें आरडब्ल्यूए के सभी पदाधिकारियों ने सहयोग दिया है। इसके सौंदर्यीकरण पर करीब 50 हजार रुपये खर्च किए गए हैं।