गाजियाबाद। सिहानीगेट कोतवाली क्षेत्र स्थित एक फार्मा कंपनी में 15 साल से मेडिकल प्रतिनिधि के पद पर नौकरी करने वाले प्रवीण (44) ने कंपनी के डिस्ट्रीब्यूटर मालिक पर बंधक बनाने का आरोप लगाया है। आरोप है कि प्रवीण को पांच घंटे तक बंधक बनाकर चिरायु गर्ग और उसके एक दर्जन साथियों पिटाई की। पीड़ित ने सिहानीगेट कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है।
नंदग्राम निवासी प्रवीण कुमार ने बताया कि वह एक फार्मा कंपनी में प्रतिनिधि हैं। 13 फरवरी को सुबह करीब 11:30 बजे लोहिया नगर में उन्हें कंपनी के बाहर 10-12 लोग जबरन पकड़कर कंपनी के अंदर चिरायु गर्ग के पास ले गए। चिरायु गर्ग के कहने पर प्रवीन को एक कमरे में बंधक बना लिया गया और सीसीटीवी बंद कर दिए गए। उनका फोन भी छीन लिया गया और उनके साथ मारपीट की गई। उनके कमर, हाथ, पैर पर लाठी-डंडों से हमला कर गाली दी गई। उनके चेहरे पर भी हाथ से तेज थप्पड़ मारे गए, जिससे उनके एक कान का पर्दा फट गया और एक कान से सुनाई नहीं दे रहा है। उनका मुंह का जबड़ा व दांत भी दर्द कर रहा है। प्रवीण ने बताया कि उन्हें हथियार दिखाकर जबरदस्ती मारपीट कर झूठे बयान कराकर मोबाइल फोन में वीडियो बनाया गया है।
उन्होंने बताया कि तीन साल पहले उनका मोबाइल इसी दवाई कंपनी गोदाम में चोरी हुआ था और उन्होंने उस चोरी का आरोप चिरायु गर्ग के कर्मचारियों पर लगाया था। उसके बाद से ही आरोपी रंजिश रखते हैं। सिहानीगेट पुलिस ने बीनएस की 191(2) साधारण दंगा, 115(2) जानबूझकर चोट पहुंचाना, 127(2) बंधक बनाना और 351(2) धमकी देकर सम्मान को ठेस पहुंचाना की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। एसीपी नंदग्राम पूनम मिश्रा ने बताया कि पीड़ित की मेडिकल रिपोर्ट और तहरीर के आधार पर मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। जांच कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।