साहिबाबाद। तीन अरब से अधिक का बकाया जमा न करने पर वसुंधरा की सात सहकारी समिति व ग्रुप हाउसिंग सोसायटियों में शुक्रवार को आवास विकास परिषद ने संपत्ति सील करने का नोटिस चस्पा कर दिया।
उप आवास आयुक्त मेरठ जोन के नेतृत्व में संपत्ति प्रबंधक पीएस रावत के निर्देश पर प्रवर्तन दल की टीम सुबह 10 बजे ही अलग-अलग सोसायटियों में पहुंची और नोटिस चस्पा किए। नोटिस में स्पष्ट लिखा है कि बकाया राशि का भुगतान न करने पर संपत्ति सील कर दी जाएगी। जिन सात सोसायटियों में नोटिस लगाए गए हैं, उनमें गार्डेनिया ग्लैमर, गार्डेनिया गीतांजली, फ्यूटेक प्राइवेट एजेंसी, उत्तरांचल सोसायटी समेत अन्य शामिल हैं।
नोटिस लगते ही सोसायटियों में रहने वाले सैकड़ों परिवारों में हड़कंप मच गया। निवासियों का कहना है कि उन्होंने बिल्डर को फ्लैट की पूरी कीमत चुका दी है, ऐसे में उनका क्या कसूर है। कई लोगों ने बताया कि बिल्डर फ्लैट बेच चुका है, लेकिन आविप से एनओसी न मिलने के कारण उनकी रजिस्ट्री नहीं हो पाई है।
किस पर कितना बकाया : आविप के अनुसार सबसे ज्यादा बकाया गार्डेनिया इंडिया लिमिटेड पर 157 करोड़ रुपये है।
इसके अलावा फ्यूटेक प्राइवेट लिमिटेड पर 140 करोड़, उत्तरांचल बिल्डकॉम पर 36 करोड़, गौतम सहकारी समिति पर 19 करोड़, एसकेजी होम प्राइवेट लिमिटेड पर 4.58 करोड़, जीवन सहकारी आवास समिति पर 3.44 करोड़ और उपलब्धि सहकारी आवास समिति पर 3.40 करोड़ रुपये बकाया है। कुल बकाया तीन अरब रुपये से अधिक है।