गाजियाबाद। संयुक्त जिला अस्पताल की इमरजेंसी में मरीजों की सुरक्षा से जुड़ी गंभीर लापरवाही सामने आई है। इमरजेंसी में एक बाहरी व्यक्ति मरीजों के खून के नमूने लेता हुआ सीसीटीवी कैमरे में कैद हुआ है। अस्पताल की ईएमओ डॉ. खुशबू ने घटना की जानकारी मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को लिखित रूप में दी है। उन्होंने बाहरी व्यक्ति के इस तरह मरीजों के संपर्क में आने को लेकर चिंता जताई है। अस्पताल प्रशासन ने मामले की जांच कराने की बात कही है।
संजय नगर स्थित संयुक्त जिला अस्पताल की इमरजेंसी में हुई इस घटना के संबंध में ईएमओ की ओर से दिए गए पत्र में बताया गया है कि मरीजों के खून के नमूने लेने वाले व्यक्ति की पहचान मनीष तोमर के रूप में हुई है। पत्र के मुताबिक वह व्यक्ति कई बार अस्पताल परिसर में घूमता हुआ देखा गया है। अस्पताल के स्टाफ से उसका कोई परिचय नहीं है। इसके बावजूद वह इमरजेंसी में पहुंचकर मरीजों के रक्त के नमूने लेता रहा। सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद अस्पताल प्रशासन को मामले की जानकारी दी गई। इमरजेंसी में मरीजों के रक्त के नमूने लेने का काम अधिकृत स्वास्थ्यकर्मियों की निगरानी में किया जाना चाहिए। ऐसे में बाहरी व्यक्ति के नमूने लेने से मरीजों की सुरक्षा और जांच प्रक्रिया को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
पहले भी निजी लैब को भेजे जाने की शिकायत
अस्पताल की जांच व्यवस्था को लेकर पहले भी शिकायतें सामने आ चुकी हैं। थायराइड की जांच की सुविधा नहीं होने के कारण महिलाओं के रक्त के नमूने अस्पताल के स्टाफ द्वारा निजी लैब में भेजे जाने की शिकायत की जा चुकी है। अब इमरजेंसी में बाहरी व्यक्ति के रक्त के नमूने लेने का मामला सामने आने से जांच व्यवस्था फिर सवालों के घेरे में है। अस्पताल में थायराइड जांच के लिए मशीन दो महीने पहले आ चुकी है, लेकिन जरूरी संसाधन उपलब्ध नहीं होने से अस्पताल में सुविधा शुरू नहीं हो पा रही है, इसी का फायदा उठाकर स्वास्थ्य कर्मी निजी लैब में सैंपल भेजते हैं।
सीएमएस डॉ. संजय गुप्ता ने बताया कि ईएमओ की ओर से लिखित शिकायत मिली है। मामले की जांच कराई जाएगी। जांच के आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी।