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दाढ़ी काटने का मामला: मुख्य आरोपी को मिली जमानत, सामने आया लोनी बॉर्डर पुलिस का कारनामा, कोर्ट ने लगाई फटकार

Fri, 18 Jun 2021 10:23 PM IST
Vikas Kumar माई सिटी रिपोर्टर, गाजियाबाद

सार

प्रवेश गुर्जर के अधिवक्ता परविंदर नागर का कहना है कि 12 जून को रंगदारी में जेल भेजने से पहले ही पुलिस ने प्रवेश का नाम दाढ़ी काटने के मामले में खोल दिया था। लेकिन पुलिस ने रंगदारी में जेल भेजते वक्त इस मुकदमे को नहीं दिखाया। 
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मुख्य आरोपी प्रवेश और पीड़िता अब्दुल समद - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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बुजुर्ग तांत्रिक की दाढ़ी काटने के मामले में लोनी बॉर्डर पुलिस का कारनामा सामने आया है। घटना के मुख्य आरोपी प्रवेश गुर्जर को रंगदारी के मामले में जेल भेजते वक्त पुलिस उस पर दर्ज दाढ़ी काटने के मामले को डकार गई। जबकि रंगदारी में जेल भेजने से पहले ही पुलिस ने दाढ़ी काटने के मामले की लिखा पढ़ी में प्रवेश का नाम खोल दिया था। 14 जून को घटना की वीडियो वायरल होने के बाद मामले ने तूल पकड़ा तो पुलिस ने 16 जून को उसे बी-वारंट पर लेने की अर्जी लगाई। लेकिन कोर्ट ने पुलिस को फटकार लगाते हुए अर्जी खारिज कर दी और प्रवेश को दाढ़ी काटने के मामले में जमानत दे दी।

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अनूपशहर निवासी बुजुर्ग तांत्रिक सूफी अब्दुल समद के साथ गत 5 जून को मारपीट व दाढ़ी काटने की घटना हुई थी। बुजुर्ग ने अज्ञात ऑटो सवारों के खिलाफ तहरीर दी, जिसके बाद 7 जून को लोनी बॉर्डर पुलिस ने बंधक बनाकर मारपीट करने का केस दर्ज किया। दाढ़ी काटने की घटना का वीडियो 14 जून को वायरल हो गया। इसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया। पुलिस ने आनन-फानन धार्मिक भावना आहत करने का केस दर्ज कर दो आरोपियों आदिल और अभय गुर्जर उर्फ कल्लू को गिरफ्तार कर लिया। साथ ही प्रवेश गुर्जर को मुख्य आरोपी बता 12 जून से अन्य मामले में जेल में बंद बताया।

16 जून को पुलिस ने प्रवेश को बी-वारंट पर मांगा
प्रवेश गुर्जर के अधिवक्ता परविंदर नागर का कहना है कि 12 जून को रंगदारी में जेल भेजने से पहले ही पुलिस ने प्रवेश का नाम दाढ़ी काटने के मामले में खोल दिया था। लेकिन पुलिस ने रंगदारी में जेल भेजते वक्त इस मुकदमे को नहीं दिखाया। मामले ने तूल पकड़ा तो 16 जून को प्रवेश को बी-वारंट पर देने की अर्जी लगाई। जिस पर शुक्रवार को कोर्ट में सुनवाई हुई।
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एक ही थाने में दो केस, गिरफ्तारी सिर्फ एक में
अधिवक्ता परविंदर नागर का कहना है कि एक ही थाने में दो केस दर्ज होने के बावजूद लोनी बॉर्डर पुलिस ने प्रवेश को एक मामले में ही गिरफ्तार दिखाया। इस पर कोर्ट ने पुलिस को फटकार लगाई। साथ ही पुलिस की बी-वारंट की अर्जी खारिज करते हुए दाढ़ी काटने के मामले में प्रवेश गुर्जर को जमानत दे दी। हालांकि, रंगदारी के मामले में प्रवेश अभी जेल में ही बंद रहेगा।

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