गाजियाबाद। क्रॉसिंग रिपब्लिक क्षेत्र में बुधवार को दिनदहाड़े एनएच-9 पर खड़ी कैश वैन को तीन नकाबपोश बदमाशों ने लूट लिया। तीन बदमाशों ने गन प्वाइंट पर चालक को वैन से नीचे फेंक दिया, दहशत फैलाने के लिए हवाई फायर किया और नकदी से भरी वैन लेकर फरार हो गए। करीब 20 मिनट बाद वैन दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर मसूरी थाना क्षेत्र के कुशलिया गांव के सामने लावारिस मिली, लेकिन तब तक रकम गायब हो चुकी थी।
हालांकि, लूट की रकम को लेकर भ्रम बना हुआ है। पुलिस 20 लाख रुपये की पुष्टि कर रही है, जबकि स्टाफ के अनुसार करीब 27 लाख रुपये लूटे गए हैं। पुलिस ने बदमाशों की धरपकड़ के लिए आठ टीमें गठित की हैं। चालक, सुरक्षाकर्मी और दो कैशियर से पूछताछ की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, इंडिया वन कंपनी की कैश वैन दोपहर करीब एक बजे कृष्णा मार्केट बागू पहुंची थी। यहां एनएच-9 पर वैन खड़ी कर दो कैशियर मैनपुरी निवासी अमित कुमार, प्रतापगढ़ निवासी रजनीश त्रिपाठी और सुरक्षाकर्मी मैनपुरी निवासी मनवीर सिंह करीब 100 मीटर दूर स्थित एटीएम में कैश डालने चले गए।
वैन में केवल चालक तेजपाल सिंह मौजूद थे। इसी दौरान बदमाशों ने पिस्टल और तमंचे के बल पर चालक से खिड़की खुलवाई और गन प्वाइंट पर लेकर उनको वैन से नीचे फेंक दिया। साथ ही हवाई फायर किया और चालक को गोली मारने की धमकी दी। इसके बाद बदमाश वैन लेकर नोएडा की तरफ भाग निकले। करीब 500 मीटर दूर जाकर बदमाशों ने वैन विजयनगर कट से होते हुए डीएमई पर मेरठ की ओर दौड़ा दी।
चालक ने पहले अपने स्टाफ और फिर पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। क्रॉसिंग रिपब्लिक, विजयनगर, सिहानी गेट व नगर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल की। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त केशव चौधरी, डीसीपी सिटी धवल जायसवाल, एसीपी वेव सिटी प्रियाश्री पाल भी मौके पर पहुंचे और शहर में नाकेबंदी कर वाहन चेकिंग के आदेश दिए। इस दौरान वैन दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर खड़ी मिली। मसूरी पुलिस ने वैन को कब्जे में ले लिया।
बयानों में विरोधाभास, चालक को हिरासत में लिया
क्राइम ब्रांच की टीम ने वैन चालक तेजपाल सिंह, सुरक्षाकर्मी मनवीर सिंह, कैशियर अमित कुमार और रजनीश त्रिपाठी से अलग-अलग पूछताछ की। वैन चालक ने बदमाशों की संख्या कभी तीन तो कभी चार बताई। साथ ही बदमाशों के उन्हें निशाना बनाकर फायर करने की बात कही। वहीं, प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि बदमाशों ने हवाई फायर किया था। इस विरोधाभास को देखते हुए क्राइम ब्रांच की टीम ने वैन चालक को हिरासत में ले लिया है। अन्य स्टाफ को क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना पुलिस के हवाले कर दिया है।
30 लाख रुपये लेकर निकली थी कैश वैन
पुलिस के अनुसार, कैश वैन 30 लाख रुपये लेकर निकली थी। स्टाफ ने दो एटीएम में करीब सवा लाख रुपये डाले थे। इसके बाद कृष्णानगर में दो लाख रुपये कैश वैन से निकालकर कैशियर और सुरक्षाकर्मी निकले थे। हालांकि, लूट और शोर-शराबा होने पर उन्होंने एटीएम की रिफलिंग नहीं की।
रेकी और किसी जानकार के संलिप्तता का अंदेशा
कैश वैन में तैनात स्टाफ ने बताया कि करीब तीन वर्षों से इसी रास्ते से आते-जाते हैं। शहरभर में यही ऐसा स्थान है, जहां कैश वैन खड़ी कर स्टाफ 100 मीटर दूर एटीएम में रिफिलिंग करने जाता है। इसके अलावा जिस स्थान पर वैन खड़ी की जाती थी, वहां न सीसीटीवी कैमरे हैं और न ही पर्याप्त सुरक्षा। ऐसे में पुलिस को वारदात में पूर्व रेकी की आशंका है। यह संभावना भी जताई जा रही है कि वारदात के पीछे किसी जानकार या कंपनी के पूर्व कर्मचारी की भूमिका हो सकती है।
पुलिस बदमाशों की खोजबीन कर रही है। साथ ही इंडिया वन कंपनी से लूटी गई धनराशि का ब्योरा मांगा गया है। इसके मिलान के बाद ही लूटी गई धनराशि का पता चलेगा। जल्द ही घटना का अनावरण कर दिया जाएगा।
-धवल जायसवाल, डीसीपी सिटी