फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अतिरिक्त चक्कर लगाकर दिल्ली जाने को मजबूर लोग, जाम से आफत

विज्ञापन
विज्ञापन
50 हजार लोगों की राह में बाधा बने तंबू और बैरियर
विज्ञापन

वैशाली। यूपी गेट पर किसानों के तंबू और दिल्ली पुलिस के बैरियर लग जाने से लगभग 50 हजार लोगों का रास्ता बदल गया है। दिल्ली आने जाने के लिए इन लोगों को रोज भारी मुसीबत झेलनी पड़ रही है। रूट डायवर्जन से समय ज्यादा लग रहा है। ज्यादा दूरी तय करने से पेट्रोल और डीजल ज्यादा खर्च हो रहा है। इससे जेब पर बोझ पड़ रहा है। डायवर्ट किए गए रूट पर लोगों को रोज ट्रैफिक जाम से भी जूझना पड़ रहा है। कृषि कानूनों के विरोध में यूपी गेट पर किसान 27 नवंबर 2020 से जुटने लगे थे। किसानों के पहुंचने के बाद यूपी गेट फ्लाईओवर के नीचे से वाहनों की आवाजाही बंद कर दी गई थी। दो दिसंबर को किसान दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे पर दिल्ली जाने वाली लेन पर पहुंच गए थे। इसके बाद से वाहनों को डायवर्ट किया गया। तब से ही परेशानी बनी हुई है। रोजाना सुबह शाम को वाहनों का दबाव बढ़ने पर ट्रैफिक जाम हो जाता है।
बदल गए रास्ते
1. हापुड़ की ओर से आने वाले वाहनों को डासना पुल से हापुड़ चुंगी, एएलटी, राजनगर एक्सटेंशन, रोटरी गोल चक्कर, नागद्वार से तुलसी निकेतन होते हुए दिल्ली भेजा जा रहा है।
विज्ञापन

2. गाजियाबाद से एनएच-9 से आने वाले वाहनों को नोएडा सेक्टर-62 से होकर दिल्ली को निकाला जा रहा है। गौड़ ग्रीन एवेन्यू कट से होकर भी वाहन खोड़ा दिल्ली नहर पुश्ता रोड से दिल्ली जा रहे हैं
3. हलके वाहन लिंक रोड, महाराजपुर बार्डर, से होकर दिल्ली को जा रहे हैं। भारी वाहन मोहननगर से जीटी रोड होते हुए सीमापुरी बॉर्डर से दिल्ली जा रहे हैं।
4. कौशांबी डिपो से बसें वैशाली सेक्टर चार, गौड़ ग्रीन एवेन्यू कट होकर एनएच से गंतव्य को जा रहे हैं।
हमारी फरियाद सुनो
हादसे का खतरा
वैशाली सेक्टर-4 निवासी शरद तिवारी का कहना है कि मुख्य सड़कों पर जाम होने के कारण भारी वाहन आंतरिक सड़कों से होकर गुजरते हैं। इससे इन पर जाम और हादसे का खतरा बढ़ गया है। रास्ते को खोलना चाहिए।
दफ्तर में देरी
नवीन श्रीवास्तव निवासी वैशाली का कहना है कि यूपी गेट से दिल्ली नहीं जाने के कारण अतिरिक्त चक्कर लगाकर दिल्ली जाना पड़ता है। महाराजपुर बॉर्डर पर सुबह के समय भारी दबाव रहता है। इससे ऑफिस पहुंचने में रोजाना मशक्कत करनी पड़ रही है।
बढ़ गया खर्च
इंदिरापुरम के किशोर ठाकुर का कहना है कि जाम में फंसने से और अतिरिक्त चक्कर लगाकर रोजाना दिल्ली आने जाने से जेब खर्च बढ़ गया है। अतिरिक्त चक्कर से ईंधन अधिक फुंकने लगा। अब ईंधन के रेट में वृद्धि भी लोगों के लिए आफत बन गई है। इससे बजट खराब हो रहा है।
विज्ञापन

आम जनता परेशान
वैशाली सेक्टर-6 निवासी एनके नेगी का कहना है कि आंदोलन के चलते रास्ता बंद होने से आम जनता परेशान हो रही है। सुबह जल्दी उठकर आफिस जाना और रात को देरी से घर पहुंचा। इसी में समय बीत जाता है। इस पर सरकार को भी निर्णय लेना चाहिए। जिससे आम जनता की परेशानी का समाधान हो।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें