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दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर नियम तोड़ा तो घर पहुंचेगा चालान

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ट्रायल सफल : दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर तीन दिन में कैमरों से कटने लगेंगे चालान
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गाजियाबाद। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार से वाहन दौड़ाने वालों को अब चालान भरना पड़ेगा। दिल्ली से मेरठ तक एक ही वाहन का दो बार चालान होने की समस्या का समाधान ट्रैफिक पुलिस ने ट्रायल के बाद कर लिया है। तीन दिन बाद रविवार से सीसीटीवी कैमरों के जरिये चालान कर वाहन स्वामियों के मोबाइल पर भेजने शुरू कर दिए जाएंगे। गाजियाबाद के सीमा क्षेत्र में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर 187 और ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर 18 कैमरों से यातायात नियम तोड़ने वाले वाहन चालकों की निगरानी होगी।
दिल्ली- मेरठ एक्सप्रेसवे पर कार के लिए निर्धारित रफ्तार 100 किलोमीटर प्रति घंटा की है, लेकिन वाहन चालक 150 की रफ्तार से वाहन दौड़ा रहे हैं। समय और ईंधन बचाने के लिए लोग उल्टी दिशा में भी वाहन चलाते हैं। एनएचएआई (नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया) ने दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे और ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर लगाए गए सीसीटीवी कैमरों की प्रतिदिन की फुटेज ट्रैफिक पुलिस को भेजनी शुरू कर दी है। दिल्ली और गाजियाबाद की सीमा में एक ही वाहन का दो बार चालान कटने की वजह से ट्रैफिक पुलिस ने फिलहाल वाहन चालकों को चालान भेजने शुरू नहीं किए थे। शिकायत मिलने पर ट्रैफिक पुलिस के अधिकारियों ने मंगलवार को ट्रायल कराया था। इस ट्रायल में खामियां पकड़ी गईं और ट्रायल सफल रहा। एक वाहन का दो बार चालान होने की दिक्कत को अधिकारियों ने दूर कर लेने का दावा किया है। उनका दावा है कि तीन दिन बाद इन सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के आधार पर यातायात नियम तोड़ने वाले वाहनों का चालान करना शुरू कर दिया जाएगा।
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360 डिग्री पर घूमकर नियम तोड़ने वालों की निगरानी करेंगे कैमरे
दिल्ली से लेकर मेरठ तक एक्सप्रेसवे का निर्माण करने वाली कंपनियों ने कुछ स्थानों पर अत्याधुनिक कैमरे लगाए हैं। यह कैमरे एक्सप्रेसवे से गुजरने वाले वाहनों की फुटेज कैद करने के लिए 360 डिग्री पर घूम सकते हैं। अगर कोई वाहन चालक एक्सीडेंट करके या कोई वारदात करके भागता है तो एक ही कैमरे से करीब तीन किलोमीटर तक उसकी निगरानी की जा सकती है।
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टोल पर अभी फैसला नहीं
गाजियाबाद। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर टोल प्लाजा बनकर तैयार हो चुके हैं, लेकिन अभी टोल चार्ज लेने पर मंत्रालय से फैसला नहीं हुआ है। बीते 15 सितंबर से टोल वसूली शुरू किए जाने की तैयारी की जा रही थी, लेकिन मंत्रालय की ओर से ग्रीन सिग्नल न मिलने की वजह से इसे शुरू नहीं किया गया है। एनएचएआई के अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस पर फैसला हो जाएगा। वहीं माना जा रहा है कि अक्तूबर में टोल वसूली शुरू हो सकती है।
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इन नियमों के उल्लंघन पर सीसीटीवी से होगा चालान
नियम चालान की रकम
ओवर स्पीड -- दो हजार रुपये
उल्टी दिशा में वाहन -- दो हजार रुपये
गलत लेन में चलना -- एक हजार रुपये
सीट बेल्ट न लगाना -- एक हजार रुपये
रैश ड्राइविंग --- एक हजार रुपये
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अधिकारी बोले
दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर तीन दिन में सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से चालान करना शुरू कर दिया जाएगा। फिलहाल एक वाहन का दो जगह पर चालान होने की वजह से इसमें तकनीकी दिक्कतें आ रही थीं। एक्सप्रेसवे और ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे पर कैमरों की फुटेज के माध्यम से चालान किए जाएंगे।
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- रामानंद कुशवाहा, एसपी ट्रैफिक
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एक्सप्रेसवे पर 24 घंटे अत्याधुनिक सीसीटीवी कैमरों के जरिये निगरानी की जा रही है। एक्सप्रेसवे पर लगे सभी कैमरों की फुटेज ट्रैफिक पुलिस को दी जा रही है। यातायात नियमों को तोड़ने वालों पर कार्रवाई के लिए ट्रैफिक पुलिस को पूरी मदद दी जा रही है। - मुदित गर्ग, परियोजना निदेशक, एनएचएआई
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