पुराने बस अड्डे और घंटाघर
कोतवाली में डेंगू का खतरा
गाजियाबाद। जिले में डेंगू के केस लगातार बढ़ रहे हैं, लेकिन सरकारी विभाग ही इसके प्रति उदासीन है। रविवार को की गई जांच में पुराना रोडवेज बस स्टैंड और घंटाघर कोतवाली में डेंगू का लार्वा मिला। मलेरिया विभाग ने परिवहन निगम और कोतवाली पुलिस को नोटिस जारी किया है। वैशाली की रामप्रस्था ग्रीन सोसायटी के एक गमले में पानी जमा मिलने पर नोडल अधिकारी सेंथिल पांड्यिन सी ने नाराजगी जताई। उन्होंने सोसायटी पदाधिकारियों को चेतावनी देकर सफाई करने के निर्देश दिए।
नोडल अधिकारी सेंथिल पांड्यिन सी ने डीएम राकेश कुमार सिंह, नगरायुक्त महेंद्र सिंह तंवर, सीएमओ डॉ. भवतोष शंखधार समेत स्वास्थ्य विभाग और निगम के अधिकारियों के साथ शहर के 30 संवेदनशील क्षेत्रों का निरीक्षण किया। इसमें वसुंधरा, वैशाली में उन्होंने नालों, जलभराव वाले क्षेत्रों का निरीक्षण किया। सबसे ज्यादा संवेदनशील वैशाली की रामप्रस्था ग्रीन सोसायटी परिसर में गमले में पानी जमा देख उनका पारा चढ़ गया। उन्होंने जिला मलेरिया अधिकारी जीके मिश्रा को कार्रवाई के निर्देश दिए। मलेरिया अधिकारी ने अगली बार लापरवाही मिलने पर सोसायटी की एओए पर जुर्माना लगाने की चेतावनी दी। सोसायटी के पदाधिकारियों ने निरंतर सफाई कराने का आश्वासन दिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने ऑक्सीजन प्लांट का निरीक्षण किया। इस दौरान एसीएम विनय कुमार, अपर नगरायुक्त प्रमोद कुमार, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार व जोन के सफाई निरीक्षक मौजूद रहे।
अनाउंसमेंट कर लोगों को किया जागरूक
विजयनगर, वसुंधरा और वैशाली के क्षेत्रों में डेंगू और बुखार के मामले ज्यादा आए हैं। ऐसे में रविवार को अधिकारियों की टीम ने नगर निगम के वाहनों पर लगे पब्लिक एड्रेस सिस्टम से अनांउसमेंट कराया गया। लोगों को जागरूक किया गया कि गमलों और कूलर में पानी जमा न करें। इनकी निरंतर सफाई करें। एसी, फ्रिज का पानी भी घर में इकट्ठा न होने दें।
नालों और जलभराव वाले इलाकों में होगा एंटी लार्वा स्प्रे
विजयनगर जोन के प्रताप विहार में नालों की सफाई और जलभराव वाले स्थानों का निरीक्षण किया गया। यहां सफाई का काम ठीक मिला। नोडल अधिकारी ने जलभराव वाले स्थानों और नालों-नालियों में एंटी लार्वा दवा का स्प्रे कराने और शहर में रोजाना फॉगिंग कराए जाने के निर्देश दिए, ताकि मच्छर पैदा न हो।
स्वास्थ्य विभाग ने दिए सुझाव
- गमलों या घरों में कहीं भी जल एकत्र न होने दें।
- कूलर में जमा पानी बदलते रहें।
- शरीर को ढककर रखें, पूरी बाजू के कपड़े पहनें।
- मच्छरदानी का इस्तेमाल करें और आसपास गंदगी न होने दें।
- बुखार होने पर तत्काल डॉक्टर से सलाह लें।