वसुंधरा और मोहननगर जोन के लिए रैपिड स्टेशन के होंगे दो द्वार
साहिबाबाद। एनसीआरटीसी ने टीएचए के दोनों जोन के लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए रैपिड ट्रेन की साहिबाबाद स्टेशन पर दोनों तरफ इंट्री व एग्जिट बनाने का निर्णय लिया है। इससे वसुंधरा और मोहननगर जोन की कई कॉलोनियों के लोगों को सहूलियत होगी। रैपिड के रूट पर यह एकलौता स्टेशन होगा जिसमें आगे पीछे दो प्रवेश द्वार बनाए जाएंगे। चूंकि सबसे पहले साहिबाबाद स्टेशन से ही रैपिड ट्रेन स्टार्ट होगी, इसलिए इस स्टेशन को भव्य जंक्शन के रूप में बनाया जाएगा। दिल्ली को गाजियाबाद से जोड़ने के लिए वैशाली मेट्रो को रैपिड ट्रेन से लिंक किया जाएगा। फिलहाल साहिबाबाद इलाके में एनसीआरटीसी पाइलिंग का काम कर रही है।
दिल्ली से सीधे मेरठ के लिए रैपिड ट्रेन 2025 में शुरू होगी। इससे दो साल पहले साहिबाबाद में रैपिड का शुभारंभ हो जाएगा। यहां से ट्रेन दुहाई तक के लिए खुलेगी। निकट भविष्य में रैपिड ट्रेन के साहिबाबाद स्टेशन को बस अड्डा और मेट्रो फेज तीन कॉरिडोर से जोड़ा जाएगा। इसको ध्यान में रखते हुए साहिबाबाद स्टेशन को विशाल रूप दिया जाएगा। साहिबाबाद बस अड्डे के पास जहां यह स्टेशन बनेगा वहां पहले से करीब 30 एकड़ जमीन उपलब्ध है। एनसीआरटीसी अधिकारियों का कहना है कि 2023 में अगर बस अड्डा और मेट्रो फेज तीन प्रोजेक्ट समय से कंप्लीट मिली तो उसे साहिबाबाद स्टेशन पर रैपिड ट्रेन से लिंक किया जाएगा। वैशाली मेट्रो स्टेशन को साहिबाबाद रैपिड स्टेशन से जोड़ा जाएगा। दोनों स्टेशनों के बीच लिंक सेवा की व्यवस्था की जाएगी। मेट्रो और रैपिड के ट्रेनों के समय सारिणी का आपस में मिलान किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि एनसीआरटीसी का मकसद दिल्ली एनसीआर को आपस में लिंक करना है। दिल्ली को गाजियाबाद से जोड़ने के लिए ही मेट्रो को रैपिड से जोड़ने की पहल की जाएगी।
स्टेशन के दो द्वार का फायदा लाखों लोगों को मिलेगा
अधिकारियों ने बताया कि स्टेशन के लिए जगह चिन्हित कर ली गई है। बस अड्डे के पास जिस जगह पर स्टेशन बनेगा उसके दोनों तरफ आबादी बसती है। एक तरफ मोहननगर जोन की कॉलोनियां हैं तो दूसरी तरफ वसुंधरा जोन के सेक्टर। इसको देखते हुए स्टेशन को डिजाइन किया गया है। स्टेशन का एक द्वार लिंक रोड पर वसुंधरा की तरफ खुलेगा तो दूसरा साइट फोर की तरफ। वहीं साहिबाबाद गांव, झंडापुर, कडकड मॉडल, साइट फोर की सौर ऊर्जा मार्ग की दूरी करीब एक किलोमीटर से भी कम रहेगी। मोहननगर जोन की करीब एक दर्जन कॉलोनियों को भी यह स्टेशन निकट पड़ेगा। दूसरी ओर वसुंधरा सेक्टर 5, 6, 7, 4, 13, 14, वैशाली के सेक्टर 4, 5 आदि के निवासियों के लिए स्टेशन की दूरी कम होगी। इस तरह दोनों जोन के लाखों लोगों को दो द्वार से ट्रेन पकडने में सहूलियत मिलेगी।
चल रही पाइलिंग, जल्द गड़ेंगे पिलर
एनसीआरटीसी अधिकारियों ने बताया कि वैशाली से रैंप बनाने का काम शुरू होगा। इसके लिए साहिबाबाद क्षेत्र में इस समय पाइलिंग का काम चल रहा है। इसके तहत जमीन के अंदर गड्ढा खोदकर रैपिड के लोड की क्षमता आंकी जा रही है। जल्द ही पिलर गाड़ने का काम शुरू होने की संभावना है। अधिकारियों ने बताया कि साहिबाबाद क्षेत्र में रैपिड बीच रोड से नहीं गुजरेगी। इसकी पटरी लिंक रोड पर मोहननगर की तरफ चलने पर बाईं ओर रहेगी। वसुंधरा से रैपिड निकलकर रेलवे लाइन के किनारे से होते हुए हिंडन नदी को पार कर मेरठ तिराहे पर पहुंचेगी। दिल्ली मेरठ रोड पर रैपिड रोड के बीचोबीच चलेगी।