आठवीं पास पिता तीन ग्रेजुएट बेटों के साथ चला रहा था ठगी का सेंटर
खोड़ा। पुलिस ने 50 से अधिक लोगों को लकी ड्रॉ में वाहन जीतने, 24 महीने तक आसान किस्तों में वाहन लेने व दूसरे के कागजात पर लोन लेने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने आठवीं कक्षा पास निर्देश भारद्वाज और उसके ग्रेजुएट बेटे जय भारद्वाज, ईशु भारद्वाज व गुड्डू उर्फ गिरजेश के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज किया है। पुलिस ने बृहस्पतिवार रात निर्देश और जय भरद्वाज को गिरफ्तार किया है। प्रकरण में अभी दो आरोपी पुलिस की पकड़ से दूर हैं।
खोड़ा आजाद नगर निवासी ममता ने बुधवार को विमल ऑटो एजेंसी के संचालक निर्देश भारद्वाज और उसके तीन बेटे जय भारद्वाज, ईशु भारद्वाज व गुड्डू उर्फ गिरजेश के खिलाफ ठगी व धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया था। आरोप था कि उन्होंने 24 माह तक 2100-2100 रुपये का भुगतान किया। इसकी एवज में उन्हें बाइक मिलनी थी, लेकिन शातिरों ने स्कूटी फाइनेंस कर दी। उन्होंने बाकी पैसा नकद में जमा किया था, बावजूद इसके स्कूटी को फाइनेंस कंपनी के लोग उठाकर ले गए। प्रतीक मिश्रा निवासी आजाद विहार ने गाड़ी खरीदने के लिए ठगों के पास सात लाख रुपये जमा किए थे। इसके बाद वाहन देने के समय गिरजेश घर से भाग गया। खोड़ा निवासी हरिराज ने भी 24 माह तक 2100-2100 रुपये वाहन के लिए जमा किए थे, लेकिन उन्हें अभी तक वाहन मिला और न ही रकम। वहीं, शंकर विहार निवासी नवनीत का आरोप था कि उन्होंने ठगों के विमला ऑटोमोबाइल के पास 2100 रुपये मासिक किस्त के अलावा तीन लकी ड्रॉ डाले थे, इसमें विजेता बनने पर 24 माह की किस्त पूरी होने के बाद वाहन देना था। काफी मशक्कत के बाद उन्हें डेढ़ लाख रुपये नकद देकर स्कूटी व बाइक खरीद ली। कुछ दिन बाद पता चला कि शातिर ईशु भारद्वाज, निर्देश और गुड्डू ने उनके पैन व आधार कार्ड पर फर्जी तरीके से पिता का नाम और पता बदलकर शिवम शर्मा के नाम से ब्रेजा गाड़ी लेने के लिए गारंटर बना दिया। किस्त जमा न होने पर जब बैंक के लोग उनके घर पहुंचे तो धोखाधड़ी का पता चला।
क्षेत्राधिकारी इंदिरापुरम अभय कुमार मिश्रा ने बताया कि निर्देश भारद्वाज, जय, गुड्डू व ईशू फर्जी स्कीम के नाम पर लोगों से ठगी व धोखाधड़ी करते हैं। शातिरों ने कई लोगों के कागजों पर वाहन फाइनेंस कराकर ठगी भी की है। शातिरों की ऑटोमोबाइल एजेंसी से कागजात को कब्जे में लेकर जांच की जा रही है। पता लगाया जा रहा है कि इन्होंने कितनों लोगों से ठगी व धोखाधड़ी की है। इसके अलावा सभी आरोपियों को पकड़कर गैंगस्टर की कार्रवाई के बाद संपत्ति कुर्क होगी।
पुलिस के ऊपर कई बार छोड़े कुत्ते
थाना प्रभारी ब्रिजेश कुमार कुशवाहा का कहना है कि शातिर ने कुत्ता पाला हुआ है। शिकायत आने पर जब भी पुलिस इनके घर गई तो पकड़े जाने के डर से वह पुलिसकर्मियों पर चार-पांच कुत्तों को छोड़ देता था। फरार आरोपी गुड्डू उर्फ गिरजेश व ईशु की तलाश में टीम लगी है।