फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दोस्ती का कत्ल: दोस्तों ने इसलिए की थी तरुण की हत्या, सीसीटीवी ने खोला राज; कपड़े और चप्पलों से मिला था सुराग

Tue, 10 Sep 2024 02:06 PM IST
निकिता गुप्ता अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद

सार

तरुण कुमार की हत्या उसके दो दोस्तों ने की थी जो नशे के लिए पैसे मांगने पर गुस्से में आकर ईंट से हमला कर उसे मार डाला। 
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : iStock
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

लोनी में हनुमान वाटिका कॉलोनी में मजदूर तरुण कुमार (26) की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। शुरुआती जांच और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने बताया कि तरुण की हत्या उसके दो दोस्तों ने की थी। इन दोनों आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, और उनके पास से तरुण का मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया गया है।

विज्ञापन


घटना की शुरुआत 29 अगस्त को हुई, जब तरुण के परिजनों ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस उसकी तलाश में जुटी ही थी कि उसी दिन हनुमान वाटिका में एक शव बरामद हुआ। शव सड़ी-गली हालत में था और पहचान में नहीं आ रहा था। लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पता चला कि यह शव तरुण का है और उसकी हत्या ईंट से की गई थी।

तरुण के पिता हरपेश कुमार ने शव को पहचानते ही रोते हुए इसकी पुष्टि की। शव उनके घर से महज 50 मीटर की दूरी पर मिला था। पुलिस ने शव का निरीक्षण किया और पाया कि शरीर पर कई जगह चोट के निशान थे, जिससे स्पष्ट हो गया कि हत्या के पीछे क्रूरता का मामला है। हत्या के मुख्य संदिग्धों की पहचान सीसीटीवी फुटेज के आधार पर की गई। फुटेज में तरुण के साथ उसके दो दोस्त अजय कुमार उर्फ जय कुमार और ईशू राजपूत उर्फ विजय को जाते हुए देखा गया। पुलिस ने इन दोनों के घरों पर छापेमारी की, लेकिन दोनों पहले ही फरार हो चुके थे। हालांकि, पुलिस की लगातार दबिश और खोजबीन के बाद दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।

विज्ञापन
विज्ञापन

पूछताछ में दोनों आरोपियों ने खुलासा किया कि वे 29 अगस्त को तरुण के साथ हनुमान वाटिका कॉलोनी के खंडहर में शराब पी रहे थे। उन्हें और शराब की जरूरत थी, इसलिए उन्होंने तरुण से पैसे मांगे। तरुण ने पैसे देने से इंकार कर दिया और आपत्ति जताई, जिससे नाराज होकर दोनों ने तरुण पर ईंट से हमला कर उसकी हत्या कर दी।

आरोपियों के कपड़े और चप्पल भी सीसीटीवी फुटेज में साफ नजर आ रहे थे, जो गिरफ्तार करने के समय उनके पास भी वही कपड़े और चप्पल थे। पुलिस ने बताया कि यह भी हत्या के मामले में एक महत्वपूर्ण सुराग था। डीसीपी ग्रामीण सुरेंद्रनाथ तिवारी ने कहा कि पुलिस ने सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं की जांच की और केस को सुलझाने में सफलता प्राप्त की। अब दोनों आरोपी न्याय के कटघरे में होंगे और उन्हें उनकी करतूत की सजा मिलेगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें