बुजुर्ग तांत्रिक की दाढ़ी काटने की घटना के बाद भड़काऊ वीडियो वायरल हुआ। ट्विटर पर ट्रेंड हुए इस वीडियो के जरिये कुछ लोगों ने माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। मामला बिगड़ता देख पुलिस ने नौ लोगों के खिलाफ धार्मिक उन्माद फैलाने का केस भी दर्ज कर लिया, जिसमें ट्विटर को भी आरोपी बनाया गया। लेकिन इसके बावजूद ट्विटर ने इस भड़काऊ वीडियो को नहीं हटाया है।
बुलंदशहर के बुजुर्ग तांत्रिक अब्दुल समद के साथ मारपीट कर दाढ़ी काटने के नौ दिन बाद गत 14 जून को घटना की वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी। इसी दिन एक और वीडियो सामने आया, जिसमें नारे न लगाने पर बुजुर्ग की दाढ़ी काटने की बात कही गई।
देखते ही देखते यह वीडियो ट्विटर पर भी ट्रेंड हो गया। इस पर संज्ञान लेते हुए लोनी बॉर्डर पुलिस ने 15 जून को ट्विटर समेत नौ लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था। पुलिस का कहना है कि पुलिस द्वारा सही तथ्य जारी करने के बाद भी ट्विटर केस में नामजद किए गए आरोपियों ने ट्वीट डिलीट नहीं किया।
ट्विटर ने भी इन ट्वीट को हटाने के लिए कोई कदम नहीं उठाया। गौर करने वाली बात यह है कि केस दर्ज होने के दो दिन बीतने के बाद भी ट्विटर ने भड़काऊ वीडियो को डिलीट नहीं किया है।