रैपिड रेल की टेस्टिंग की तैयारी, दुहाई डिपो में ट्रैक तैयार
गाजियाबाद। दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल कॉरिडोर के साहिबाबाद से दुहाई तक 17 किलोमीटर लंबे प्राथमिकता वाले खंड पर टेस्टिंग की तैयारी पूरी हो गई है। इस कॉरिडोर पर चलने वाली रैपिड रेल गुजरात के सांवली से जल्द ही दुहाई डिपो पहुंचेगी। इनके लिए दुहाई डिपो में ट्रैक बनाकर तैयार कर लिए गए हैं। आरआरटीएस (रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम) ट्रेनों के संचालन के लिए इस डिपो में प्रशासनिक भवन भी बना लिया गया है।
17 किमी लंबे इस प्राथमिकता वाले खंड में साहिबाबाद, गाजियाबाद, गुलधर में स्टेशन और दुहाई डिपो व स्टेशन दोनों हैं। आरआरटीएस के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पुनीत वत्स ने बताया कि रैपिड रेल के लिए दुहाई डिपो में 11 स्टेबलिंग लाइन, दो वर्कशॉप लाइन, तीन इंटरनल-बे लाइन (आईबीएल) और एक हेवी इंटरनल क्लीनिंग (एचईसी) लाइन बनाई जा रही हैं। इनमें 17 लाइनों में से 15 का निर्माण पूरा हो गया है। एक वर्कशॉप और एक आईबीएल लाइन का निर्माण अंतिम चरण में है।
हर लाइन का अलग होगा प्रयोग
स्टेबलिंग लाइनों का प्रयोग रेल को खड़ा करने के लिए किया जाता है। वर्कशॉप लाइनों पर रेल के रखरखाव और तकनीकी खराबियों को ठीक किया जाता है। आईबीएल लाइन रेल की टेस्टिंग के लिए बनाई जा रही हैं और हेवी इंटरनल क्लीनिंग लाइन पर रेल के भीतर की सफाई की जाएगी।
जनता को सफर कराने से पहले होंगी कई टेस्टिंग
आरआरटीएस ट्रेनों का संचालन शुरू करने से पहले इन्हें कई टेस्टिंग प्रक्रिया से गुजरना होगा। इसके साथ ही सिग्नलिंग, रोलिंग स्टॉक और निरंतर विद्युत सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए इसे कई प्रक्रियाओं से परखा जाएगा। सफल टेस्टिंग के बाद प्री-ऑपरेशनल ट्रायल शुरू किया जाएगा। इसमें सफल होने के बाद ही यात्रियों के लिए ट्रेन चलाई जाएगी।
डिपो भी हो रहे तैयार
दुहाई डिपो में ट्रेनों के लिए रूफ शेड लगाने, अंडरपास और बाउंड्री वॉल के निर्माण समेत अन्य कई कार्य तेजी से चल रहे हैं। इसके साथ ही ट्रेनों के लिए विद्युत आपूर्ति के लिए ओएचई लगाने का काम जल्द शुरू होगा। डिपो में ओएचई लगाने के लिए पोल और केंटीलिवर लगाए जा चुके हैं। जल्द ही पूरा डिपो ट्रेनों के संचालन के लिए तैयार हो जाएगा। इसके साथ ही दुहाई स्टेशन को दुहाई में बन रहे डिपो से जोड़ने वाले वायाडक्ट का निर्माण कार्य भी तेजी से चल रहा है। इस वायाडक्ट के पूरा होने के साथ ही ट्रेनों के लिए डिपो से बाहर निकलने के लिए लाइन तैयार हो जाएगी। प्राथमिकता खंड पर ट्रैक बिछाने और ओएचई लगाने का काम भी तेजी से चल रहा है।