नगर निगम के कचरे से प्राइवेट कंपनी बिजली बनाएगी। यह कंपनी पिलखुवा में ‘वेस्ट टू एनर्जी’ प्लांट लगाएगी। मंगलवार को महापौर अशु वर्मा और कंपनी के पदाधिकारियों के बीच वार्ता हुई। महापौर जल्द ही इसी कंपनी के बाराबंकी में चल रहे वेस्ट टू एनर्जी प्लांट को देखने जाएंगे। इसके बाद इस प्रोजेक्ट पर सहमति बन सकती है।
एकॉर्ड हाईड्रो एयर प्राइवेट लिमिटेड नाम की यह कंपनी नगर निगम क्षेत्र में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन करने के लिए भी तैयार है। नगर निगम जल्द ही ट्रायल के तौर पर इसे एक जोन का काम दे सकता है। इससे पहले कई कंपनियां कांट्रेक्ट लेने के बावजूद कूड़ा कलेक्शन का काम शुरू नहीं कर पाई।
कूड़े से बिजली बनाने के लिए यह कंपनी गाजियाबाद में एक साइट पर कचरा इकट्ठा करेगी और यहां से पिलखुवा में पावर प्लांट तक ले जाकर बिजली बनाएगी। छह मेगावाट क्षमता के इस प्लांट से पावर कारपोरेशन को बिजली दी जा सकेगी। इसके लिए पावर कारपोरेशन और कंपनी के बीच करार होगा।
महापौर अशु वर्मा ने बताया कि अगर नगर निगम और कंपनी के बीच कांट्रेक्ट हुआ तो करीब प्लांट बनकर तैयार होने तक यह कंपनी कूड़े को ले जाकर इकट्ठा करेगी और फिर इससे बिजली का उत्पादन शुरू करेगी।
महापौर का कहना है कि इस कंपनी ने रायबरेली, इटावा और बाराबंकी में वेस्ट टू एनर्जी प्लांट संचालित करने का दावा किया है। जनवरी के पहले सप्ताह में वह बाराबंकी में लगे प्लांट का निरीक्षण करेंगे। इसके बाद योजना को आगे बढ़ाने पर निर्णय लिया जाएगा।