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डीपीआर बनाने को डीएमआरसी ने मांगे एक करोड़

Thu, 09 Jun 2016 01:07 AM IST
ब्यूरो,अमर उजाला गाजियाबाद
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जीडीए वीसी के साथ केंद्रीय मंत्री वीके ‌‌‌सिंह - फोटो : अमर उजाला
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नोएडा, दिल्ली और गाजियाबाद के बीच मेट्रो की रिंग कनेक्टिविटी के दरवाजे बुधवार को खुल गए। डीएमआरसी ने सेक्टर 62 से इंदिरापुरम होते हुए साहिबाबाद तक और वैशाली से मोहन नगर तक मेट्रो रूट के लिए डीपीआर (डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट) बनाने को एक करोड़ रुपयों की मांग की है। जीडीए ने रकम देने पर मंजूरी दे दी है।
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जीडीए वीसी विजय यादव ने बताया कि बुधवार को केंद्रीय मंत्री एवं स्थानीय सांसद वीके सिंह ने जीडीए, डीएमआरसी, एनएचएआई और जल निगम केअधिकारियों की बैठक बुलाई थी। जीडीए वीसी का कहना है कि सर्किल बनने के बाद दिल्ली-गाजियाबाद-नोएडा की कनेक्टीविटी आसान हो जाएगी।

फ्लाईओवर बना तो मेट्रो को नहीं मिलेगा रास्ता
वीसी ने कहा कि एनएचएआई की प्लानिंग एनएच-24 चौड़ीकरण योजना के तहत नोएडा के सेक्टर 62 और इंदिरापुरम के बीच सीआईएसएफ के पास फ्लाईओवर बनाने की है। वहां एनएचएआई अंडरपास का निर्माण भी करेगी।
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जीडीए वीसी ने सवाल उठाया कि ऊपर फ्लाईओवर और नीचे अंडरपास होने से मेट्रो सेक्टर 62 से इंदिरापुरम किस रास्ते से आएगी। एनएचएआई के एमडी ने इस मुद्दे पर विचार करने की बात कही।

एनएच की डिजाइन पर आपत्ति
बैठक में एनएच 24 चौड़ीकरण के डिजाइन पर भी चर्चा हुई। जीडीए वीसी ने कहा कि जो डिजाइन है, उसमें गाजियाबाद के लोगों को कोई फायदा नहीं मिलेगा। वर्तमान डिजाइन के अनुसार इस रोड का फायदा सिर्फ उन्हें ही मिलेगा, जिन्हें गाजियाबाद में रुकने या उतरने की जरूरत नहीं होगी। उन्होंने सुझाव दिया कि कुछ प्वाइंट पर रोटरी बनाई जाए तो शहर के लोगों को इस रोड का लाभ मिल सकेगा।

लोनी पुस्ता रोड के लिए 40 फीसदी भुगतान को जीडीए तैयार
वीके सिंह ने जीडीए वीसी को छह लेन की 12 किलोमीटर लंबी लोनी पुस्ता रोड बनाने की बात कही। इस पर वीसी का कहना था कि लोनी नगरपालिका इसका एस्टीमेट बनाकर केंद्र को भेजे, जिसमें 60 प्रतिशत केंद्र सरकार और 40 प्रतिशत राज्य सरकार द्वारा राशि वहन करने की व्यवस्था हो।

लगेगा गंगाजल प्लांट
बैठक में गंगाजल पर भी चर्चा हुई। वीसी ने कहा कि गंगाजल प्लांट लगाने से पहले वे चाहते हैं कि सिंचाई विभाग पहले यह बता दे कि वह कितना गंगाजल आपूर्ति कर सकता है। उन्होंने कहा कि सिंचाई विभाग से आपूर्ति का पता चलने पर वह प्लांट लगाने की दिशा में कार्य शुरू कर देंगे।
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