मार्ग की यह तस्वीर बता रही विकास की हकीकत।
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गाजियाबाद। जीटी रोड पर लालकुआं से दो किमी दूर बसे दौलतपुरा की तकदीर बीते पांच साल में भी नहीं बदली। रेलवे लाइन से सटी इस कालोनी में दाखिल होते ही इसकी बदहाली का अहसास हो जाता है।
सड़कें पांच साल पहले भी जर्जर थीं और आज भी। नालियां गंदगी से बजबजा रही हैं। दुश्वारी यह है कि पांच साल पहले वर्ष 2012 में जिसे इस कालोनी के लोगों ने पार्षद के रूप में अपनी नुमाइंदगी के लिए चुना, उन्होंने भी यहां से मुंह मोड़ लिया।
बीते पांच साल में इस कालोनी में न तो मुख्य सड़कों का निर्माण हुआ और न ही सीवर, पानी की बुनियादी सुविधाओं में बढ़ोतरी हुई। यही हाल वार्ड में स्थित हाईराइज बिल्डिंगों वाली कालोनी गुलमोहर सोसायटी को जाने वाली मुख्य सड़क का है। इस सड़क पर एक-एक फुट गहरे गड्ढे हो गए हैं।
पंचवटी कालोनी में करीब 15 लाख की लागत से सीवर लाइन डाली गई है, लेकिन दौलतपुरा और गुलमोहर रोड पर जल निकासी के पर्याप्त इंतजाम नहीं है। इलाकाई लोगों की मानें तो बरसात के दिनों में दौलतपुरा, गुलमोहर रोड तालाब के रूप में तब्दील हो जाती है। लोग घरों में कैद होने पर मजबूर हो जाते हैं। दौलतपुरा में सीवर लाइनें हैं, लेकिन पुरानी होने के साथ-साथ यह चोक हो चुकी है।