देश के सबसे बड़े सूबे में सत्ता परिवर्तन होते ही राज्य के बड़े जिलों में मलाईदार पदों पर तैनात उच्च पदाधिकारियों में टेंशन शुरू हो गई है। उन्हें डर है कि सूबे के नए मुख्यमंत्री जल्द ही उनका बिस्तर गोल करेंगे। सूत्रों का दावा है कि इसी डर से गाजियाबाद में तैनात अधिकारियों ने अपने सामान की पैकिंग भी शुरू कर दी है।
लखनऊ में शनिवार को जैसे ही यूपी के नए सीएम के रूप में महंत आदित्यनाथ ने शपथ ली तो गाजियाबाद में तैनात अधिकारियों की धड़कनें बढ़ गईं। लोगों का आरोप है कि जनपद में तैनात कई अधिकारियों पर सपा सरकार की मोहर लगी है।
सूत्रों का कहना है कि एक सप्ताह के अंदर ही इन जिलों में रहने वाले सीनियर पुलिस, प्रशासनिक और अन्य विभागों के अफसरों का बदलना लगभग तय माना जा रहा है। इतना ही नहीं, एसएचओ और दरोगाओं के भी तबादले किए जा सकते हैं।
इसके अलावा सूबे के जिलों में तैनात एक विशेष जाति के अधिकारियों और कर्मचारियों पर भी गाज गिरना लगभग तय माना जा रहा है।पूर्वांचल या कम महत्व के विभागों में जाएंगे अधिकारीसूत्रों का कहना है कि सूबे के नए सीएम इन अफसरों को पूर्वांचल या कम महत्व के विभागों में स्थानांतरण कर सकते हैं।