जमीनों पर अवैध कब्जे और अतिक्रमण के बाद अब जीडीए घरों में किए गए अवैध निर्माण पर कार्रवाई करेगा। अधिकारियों ने इसका खाका तैयार कर लिया है। साथ ही हर रोज इसकी समीक्षा भी होगी। जीडीए वीसी कंचन वर्मा ने प्रवर्तन अनुभाग को इस संबंध में सख्त हिदायत दे दी है।
उन्होंने प्रवर्तन अनुभाग से स्पष्ट किया है कि जैसे अवैध निर्माण कराया है अब वैसे ही तुड़वाना भी होगा। वीसी हर रोज शाम साढ़े छह बजे अवैध निर्माण से जुड़े मामले की समीक्षा करेंगी। इसमें प्रवर्तन विभाग को बताना होगा कि किस जोन में कितने घरों का अवैध निर्माण चिह्नित कर नोटिस दिया गया है।
समीक्षा का काम शुरू हो गया है। वीसी ने साफ कर दिया कि अवैध निर्माण को चिह्नित करने में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वीसी के सख्त आदेश के बीच अब इंजीनियर्स को जीडीए क्षेत्र में आने वाली कालोनियों में घरों का अवैध निर्माण चिह्नित करना है,
जिसको लेकर रविवार की बैठक में कुछ इंजीनियर ने यह कहते हुए आपत्ति दर्ज कराई थी कि हर घर का अवैध निर्माण चिह्नित करना मुश्किल है, जिस पर वीसी ने कहा कि जैसे अवैध निर्माण कराया है, अब वैसे ही तुड़वाना होगा।
आपके सामने अवैध निर्माण होता रहा, उस वक्त क्यों नहीं रोका गया? अब हर हाल में अवैध निर्माण चिह्नित कर तोड़ना होगा।
ऐसे होगी हर दिन काम की समीक्षा
विभाग से जुड़े कार्यों को पटरी पर लाने के लिए अब जीडीए में अहम कदम उठाए जा रहे हैं। जीडीए वीसी के निर्देश पर अब हर इंजीनियर और बाबू को रजिस्टर में प्रतिदिन अपने कार्य की एंट्री करनी होगी। अगर दफ्तर में रहे तो उन्होंने कितनी फाइलों निपटाई या उन पर काम किया।
क्षेत्र में गए तो अवैध निर्माण करने वाले कितने मकान चिह्नित किए और कितनों को नोटिस दिया गया। ऐसी तमाम जानकारी रजिस्टर में दर्ज करनी होगी। गौरतलब है कि जीडीए की व्यवस्था सुधारने के लिए बीते दिनों बड़ी संख्या में तबादले किए गए थे। वीसी के आदेश पर 73 जेई व बाबुओं का स्थानांतरण किया गया था, जिसमें 26 जेई शामिल थे।