लालकुआं में काटे जा रहे थे चोरी के वाहन, 10 गिरफ्तार
गाजियाबाद। पुलिस ने लालकुआं में जयपुरिया सोसायटी के पीछे हाते में चोरी के वाहन काटने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। छोटी गोशाला के पीछे वाहन कटान का काम पिछले चार माह से चल रहा था। पुलिस ने मौके से 10 लोगों को गिरफ्तार किया है, इनमें नौ बुलंदशहर के रहने वाले हैं। गिरोह चोरी की बस को तीन घंटे और कार को एक से डेढ़ घंटे में काट देता था फिर कटे पुर्जों को अलग-अलग करके बेच देते थे।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार शहनवाज, सचिन, तनवीर और निसार वाहन कटान गिरोह चलाते थे, जो अलग-अलग क्षेत्र से चोरी के वाहनों को खरीदकर यहां लाकर काटते थे और वाहन के मूल निर्माण में बदलाव करके इंजन व चैसिस नंबर डालकर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर बेच देते थे। गिरोह के सदस्य अब तक हाते में करीब 400 वाहन काट चुके हैं। पुलिस ने मौके से अर्द्धकटी बस, कटे हुए वाहनों के पार्ट्स, टायर, सीएनजी सिलिंडर, फर्जी नंबर प्लेट, ऑक्सीजन सिलिंडर, एलपीजी सिलिंडर और वाहन काटने में इस्तेमाल होने वाले उपकरण बरामद किए हैं। आरोपी बुलंदशहर, हापुड़, मेरठ समेत कई जिलों में चोरी के वाहन काट चुके हैं।
वाहन को ऑनडिमांड भी मॉडिफाइड करते थे
गिरोह के सदस्यों ने पुलिस को बताया कि कोई ग्राहक अगर वाहन में कुछ बदलाव कराना चाहता था तो वह उसे भी मॉडिफाइड करते थे। इसके लिए लोग मिस्त्री के जरिये संपर्क करते थे।
30 हजार रुपये किराये पर ले रखा था हाता
वाहन कटान के लिए गिरोह के सदस्यों ने हाते को 30 हजार रुपये किराए पर ले रखा था। पुलिस ने हाते के मालिक को इस संबंध में नोटिस भेजा है। दोषी पाए जाने पर हाते के मालिक के खिलाफ पर कार्रवाई की जाएगी।
इन्हें किया गिरफ्तार
बुलंदशहर निवासी शहनवाज उर्फ शानू, कासिम, आरिफ, सुहैल, फारुख, निसार, सुहैल, अमन, तनवीर और दिल्ली पांडव नगर निवासी सचिन को गिरफ्तार किया है।
गिरोह के अन्य ठिकानों मारा जा रहा छापा
वाहन कटान की सूचना पर टीम ने जयपुरिया सोसायटी के पीछे छापा मारा है। सभी 10 आरोपियों को जेल भेजा गया है। गिरोह के अन्य ठिकानों के बारे में पूछताछ की जा रही है।
आनंद प्रकाश मिश्रा, थाना प्रभारी, कविनगर