गाजियाबाद। लाखों की लागत से बने नगर निगम के सामुदायिक भवन की बुकिंग पार्षद पति कर रहा है। स्थानीय पार्षद ने सामुदायिक भवन पर बोर्ड लगाकर बुकिंग कराने के लिए अपने मोबाइल नंबर भी डिस्प्ले करा रखा है।
बोर्ड पर लिखा गया है कि सामुदायिक भवन बुकिंग के लिए उनसे संपर्क करें। बृहस्पतिवार को इसकी शिकायत महापौर के पास पहुंची तो उन्होंने संपत्ति विभाग से इसकी तस्दीक की और मामला सही पाए जाने पर सामुदायिक भवन पर ताला लगाने के निर्देश दिए।
यह सामुदायिक भवन नगर निगम ने नया बस अड्डा के पीछे करीब 10 महीने पहले बनाया है। निगम के निर्माण विभाग ने अभी तक इसे संपत्ति विभाग के हैंडओवर नहीं किया है लेकिन बुकिंग शुरू हो गई है।
स्थानीय पार्षद पति रईसुदीन के नाम से सामुदायिक भवन पर बोर्ड लगा दिया गया है। इस पर मोबाइल नंबर भी दर्ज किए गए हैं और बुकिंग के लिए नगर निगम की बजाय उनसे संपर्क करने का संदेश डिस्प्ले किया गया है।
बृहस्पतिवार को ‘अमर उजाला’ ने इन नंबरों पर कॉल कर सामुदायिक भवन बुकिंग करने की बात कही तो बुकिंग के लिए 1100 रुपए मांगे गए। वार्ड-74 के पार्षद जाकिर सैफी ने इसकी शिकायत 18 फरवरी को नगर निगम में की थी।
नगर आयुक्त ने जांच के आदेश भी दिए थे, बावजूद इसके सामुदायिक भवन की अवैध बुकिंग पर रोक नहीं लगी। बृहस्पतिवार को दोबारा शिकायत मिलने पर महापौर अशु वर्मा ने सामुदायिक भवन पर ताला लगाने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि जब तक संपत्ति विभाग को यह हैंडओवर नहीं हो जाता, इसमें कार्यक्रम नहीं होंगे। हैंडओवर होने के बाद संपत्ति विभाग से इसकी बुकिंग की जाएगी। उधर, पार्षद पति रईसुदीन का कहना है कि वह इसकी बुकिंग नहीं कर रहे, किसी ने गलत तरीके से उनके नाम का बोर्ड लगा दिया है।