गाजियाबाद। कोर्ट में चल रहे विकास प्राधिकरण से संबंधित 67 मुकदमों में जवाब दावा नहीं लगाने पर जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स ने नाराजगी जताई। उन्होंने एक सप्ताह के अंदर जवाब दावा तैयार कर कोर्ट में दाखिल करने के निर्देश दिए। सोमवार को उन्होंने विधि विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की मुकदमों के स्टेटस की समीक्षा की।
समीक्षा बैठक के दौरान सभी न्यायालयों, सिविल कोर्ट, एनजीटी, राज्य आयोग, राष्ट्रीय आयोग, मानवाधिकार आयोग, उच्च न्यायालय एवं सर्वोच्च न्यायालय में प्राधिकरण के लंबित वादों की वर्तमान स्थिति का ब्यौरा लिया गया। जिसमें पाया गया कि प्राधिकरण के नए व पुराने वादों का लगभग 90 प्रतिशत केस विधि अनुभाग के वादों की स्थिति के लिए विकसित सॉफ्टवेयर आईएसपी मॉड्यूल पर अपडेट कर दिया गया है। इससे सारे केस लगभग नियमित हो गए हैं। इनमें प्रभावी पैरवी करने के निर्देश दिए। की आवश्यकता है। नियमित समीक्षा करने के लिए कहा। बताया गया कि 2024 में कुल 592 मुकदमे सूचीबद्ध किए गए हैं। बैठक में विधि अनुभाग के सभी अधिकारी मौजूद रहे।
लाटरी के जरिये 56 लोगों को मिला आवास
इंद्रप्रस्थ आवासीय योजना में गरीबों के लिए 46 भवनों का ड्रा लाटरी के जरिये निकाला गया। सोमवार को हिंदी भवन में विकास प्राधिकरण की ओर से ड्रा निकाला गया। वहीं, प्रताप विहार में अनुसूचित जनजाति के 10 भवनों के लिए ड्रा निकाला गया। अपर सचिव पीके सिंह ने बताया कि 56 लोगों को आवास का आवंटन पत्र सौंपा गया।