बुलंदशहर में मूकबधिर बच्ची की दुष्कर्म के बाद हत्या के मामले में गुरुवार को स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट डॉ. पल्लवी अग्रवाल की कोर्ट ने दोष सिद्ध आरोपी हरेंद्र को फांसी की सजा और 1.20 लाख रुपये अर्थदंड सुनाया। घटना के 140 दिन के भीतर मामले में फैसला सुनाए जाने पर लोगों ने इसकी सराहना की है।
25 फरवरी 2021 को अनूपशहर कोतवाली के एक गांव निवासी 11 वर्षीय मूकबधिर बालिका की दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी गई थी। हत्यारे ने शव अपने घर में ही गड्ढा खोदकर दबा दिया था। तीन मार्च को पुलिस ने आरोपी हरेंद्र को गिरफ्तार कर लिया था।
पुलिस ने जांच कर आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया। विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो अधिनियम सुनील कुमार शर्मा ने बताया कि स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट डॉ. पल्लवी अग्रवाल ने गवाहों के बयान, साक्ष्यों के अवलोकन और दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलील सुनकर हरेंद्र को दोषी मानते हुए मृत्युदंड के साथ 1.20 लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। बालिका के परिजनों ने इसे इंसाफ की जीत बताया है।